गुजरात चुनावों से पहले यूपी से आई ये बड़ी खबर- हुए अहम खुलासे, कई बड़े नेता रडार पर !

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आज देश में दुश्मन सिर्फ सीमा पार से ही नहीं घुस रहे हैं बल्कि हमारी पिछली सरकारों की मूर्खता की वजह से वे आराम से अलग-अलग राज्यों में मस्त रह भी रहे हैं और अपने आतंकवाद को फ़ैलाने की साज़िश में लगे हुए हैं | ऐसी ही बड़ी खबर इस वक़्त यूपी के मुरादाबाद से आई जिसे देख आप भी सोचेंगे कि पिछली सरकारें आखिर कर क्या रही थीं | खबर के मुताबिक यूपी एटीएस और आइबी की टीम को बड़ी कामयाबी मिली है और उन्होंने लश्कर के आतंकी और गोधरा कांड में आरोपी रह चुके फरहान अहमद अली को गिरफ्तार कर लिया है | उसके पास से ड्राइविंग लाइसेंस, आधार कार्ड, पैन और पहचान पत्र भी बरामद हुआ है जो फर्जी पाए गए हैं |

Today the enemies are not just crossing the border in the country, but because of the stupidity of our previous governments, they have been comfortably comfortable in different states and are engaged in the conspiracy to spread terrorism. Such a big news came at Moradabad in UP at this time and you will also see what the previous governments were doing at the end. According to the news, the team of UP ATS and IB has achieved great success and they have arrested Farhan Ahmed Ali, a terrorist of the LeT and accused in the Godhra carnage. Driving license, Aadhar card, PAN and identity card have also been recovered from him, who have been found to be fake.

 

जानकारी के अनुसार फरहान फर्जी दस्तावेज के आधार पर ये यहां काफी लंबे वक़्त से छिपा हुआ था | इसके साथ इसका एक और साथी पकड़ा गया है और अब इन दोनों की अब रिमांड ली जा रही है | मुरादाबाद जनपद से लश्कर के सजायाफ्ता आतंकी और गोधरा कांड के आरोपी फरहान अहमद को गिरफ्तार किया गया है | फरहान अहमद जिले के मुगलपुरा थाना क्षेत्र में फर्जी दस्तावेज के साथ रह रहा था |आपको बता दें कि फरहान अहमद गोधरा कांड में आरोपी रह चुका है और उसे कोर्ट ने दोषी माना था | पोटा कानून के तहत दोषी साबित हुए फरहान अहमद को 2009 में जमानत मिली थी, जिसके बाद से वह मुरादाबाद में फर्जी दस्तावेज बनाकर रह रहा था | इतना ही नही आतंकी फरहान ने फर्जी पासपोर्ट बनाकर कुवैत की यात्रा भी 2016 में की थी और उसके पास से ड्राइविंग लाइसेंस, आधार कार्ड, पैन और पहचान पत्र भी बरामद हुआ है जो फर्जी पाए गए हैं |

According to information, on the basis of Farhan fake document, it was hidden from the long time. With this one other fellow has been arrested and now the two are now seeking remand. Muradabad district’s accused convicted and Godhra accused Farhan Ahmed has been arrested. Farhan Ahmed was living with a fake document in the Mughalpura police station area of ​​the district, let him know that Farhan Ahmed has been accused in Godhra and he was convicted by the court. Farhan Ahmed, convicted under the POTA Act, was granted bail in 2009, after which he was living in Muradabad by making fake documents. Not only that, the terrorist Farhan has made a fake passport and traveled to Kuwait in 2016 and his driving license, Aadhar card, PAN and identity card have also been recovered, which have been found to be fake.

मूल रूप से सिद्धार्थनगर जनपद के रहने वाला फरहान अहमद मुरादाबाद में फरहान अहमद अली के नाम से रह रहा था और वह 2009 में मुरादाबाद आने के बाद कटघर और मुगलपुरा थाना क्षेत्र में किराये के मकान में रह रहा था | गोपनीय सूचना के बाद गुरुवार देर रात पुलिस ने आतंकी फरहान को गिरफ्तार कर लिया | फ़िलहाल एटीएस ओर आईबी की स्पेशल टीमें फरहान से पूछताछ कर रही हैं और फरहान अहमद के खिलाफ मुगलपुरा थाने में आईपीसी की कई धाराओं में मुकदमा भी दर्ज किया गया है |

Originally from Siddharthnagar district, Farhan Ahmed was staying in Moradabad after the name of Farhan Ahmed Ali and he was living in a rented house in Katghar and Mughalpura police station area after returning to Moradabad in 2009. After confidential information, the police arrested the terrorist Farhan on Thursday night. At present, ATS and IB special teams are interrogating Farhan and Farhan Ahmed has also filed a lawsuit against him in several sections of the IPC in the Mughalpura police station.

नोएडा एटीएस, आईबी और मुगलपुरा पुलिस ने मुरादाबाद से लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी फरहान अहमद को गुरुवार देर रात को अरेस्ट किया। उसके पास से फर्जी राशन कार्ड, पैन कार्ड भी बरामद हुए। आतंकी साजिश रचने के आरोप में दिल्ली हाईकोर्ट ने इसे बरी करते हुए विदेश जाने पर रोक लगाई थी। इसके बावजूद वह फर्जी पासपोर्ट पर कुवैत गया था | अब जांच एजेंसियां उससे पूछताछ कर रही हैं। ख़बरों के मुताबिक़ फरहान अहमद सिद्धार्थनगर का रहने वाला है और आरोप है कि वह लश्कर का एक्टिव मेंबर है। वह मुरादाबाद में रह रहा था। यहां उसने फरहान अहमद अली के नाम से फर्जी पासपोर्ट और राशनकार्ड भी बनवा लिया। फर्जी पासपोर्ट के आधार पर वह कुवैत भी हो आया। ऐसा कहा जाता है कि उसका परिवार कुवैत में रहता है।

Noida ATS, IB and Mughalpura police arrested the Lashkar-e-Taiba terrorist Farhan Ahmed on Thursday night from Moradabad. Fake ration cards, PAN cards were also recovered from him. On the charge of conspiring to plot a terror plot, the Delhi High Court banned it from going abroad. Despite this, he went to Kuwait on a fake passport. Now the investigating agencies are interrogating him. According to reports, Farhan Ahmed is a resident of Siddhartha Nagar and is alleged to be an active member of the LeT. He was living in Moradabad. Here he also made a fake passport and ration card in the name of Farhan Ahmed Ali. Based on the fake passport, he also came to Kuwait. It is said that his family lives in Kuwait.

2002 में गोधरा कांड के बाद फरहान कुवैत से अहमदाबाद बदला लेने के लिए आया था और करीब 15 दिन रहा। आरोप है कि इस दौरान वह अपने साथ लोगों को जोड़ना चाहता था। इंटेलिजेंस ब्यूरो को उसकी जानकारी मिली और इसकी भनक लगते ही वह दिल्ली भाग गया। इसके बाद दिल्ली की स्पेशल सेल ने निजामुद्दीन से अरेस्ट किया और उस वक़्त उसके पास से 4 किलो एक्सप्लोसिव, 2 डेटोनेटर, एक चाइनीज पिस्टल और 15 कारतूस बरामद हुए थे।

After the Godhra carnage in 2002, Farhana had come to Kuwait from Kuwait for revenge and he was about 15 days old. It is alleged that during this time he wanted to add people with him. The Intelligence Bureau got his information and he got away from Delhi as soon as he knew it. After this, Special Cell of Delhi arrested Nijamuddin and at that time 4 kg explosive, 2 detonators, one Chinese pistol and 15 cartridges were recovered from him.

2007 में दिल्ली हाईकोर्ट से उसको जमानत मिल गई। इसके बाद वह फर्जी पासपोर्ट पर कुवैत चला गया। वापस आया तो सुरक्षा एजेंसियों ने उसे फिर से अरेस्ट कर लिया। 2009 में वह जमानत पर छूटा और मुरादाबाद आ गया। आतंकी फरहान ने आरटीओ से अलग-अलग तारीखों में फर्जी ड्राइविंग लाइसेंस बनवाया था। पहला लाइसेंस 18 अक्टूबर 2002 को बनवाया गया, जबकि मुरादाबाद से ही दूसरा लाइसेंस तीन फरवरी 2010 को जारी किया गया। दोनों लाइसेंस में नाम फरहान अहमद अली है, जबकि जन्म तारीख अलग-अलग थींं। ऐसा कहा जाता है कि आतंकी फरहान का पूरा परिवार कुवैत में रहता है और उसके परिवार में वाइफ शकीना, भाई कामरान, इमरान, उस्मान और मां आएशा खातून हैं।

In 2007, he got bail from the Delhi High Court. After this he went to Kuwait on a fake passport. When he came back, the security agencies again arrested him. In 2009, he was released on bail and returned to Moradabad. Terrorist Farhan had made a fake driving license from RTO on different dates. The first license was made on 18th October 2002, while the second license from Moradabad was released on 3 February 2010. Both licenses are named Farhan Ahmed Ali, whereas the date of birth was different. It is said that the whole family of the terrorist Farhan lives in Kuwait and his family is Wife Shakina, Bhai Kamran, Imran, Usman and Maaishha Khatoon.

वहीँ इस मामले पर मुरादाबाद के एसएसपी प्रीतिंदर सिंह ने कहा कि ”पोटा के मामले में सजायाफ्ता फरहान को फर्जी पासपोर्ट के मामले में अरेस्ट किया गया है। इसके अलावा दिल्ली और अहमदाबाद से भी उसका आपराधिक रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है और सुरक्षा एजेंसियां उससे पूछताछ कर रही हैं।” एबीपी न्यूज़ की जानकारी के मुताबिक पुलिस को पड़ताल में चला चला कि फरहान ने अहमदाबाद के रहने वाले शाहिद अहमद के साथ कुवैत में आरएसएस, विहिप और बजरंग दल के बड़े नेताओं के कत्ल की साजिश रची थी | ये दोनों दिल्ली में हथियारों के साथ पकड़े गए थे और पोटा के तहत इन लोगों को सजा भी सुनाई गई थी | 2002 में गोधरा कांड के बाद फरहान कुवैत से गुजरात के अहमदाबाद बदला लेने के लिए आया था और करीब 15 दिन रहा | उसके पास से चार किलो विस्फोटक, 2 डेटोनेटर, एक चाइनीज पिस्टल और 15 कारतूस बरामद हुए थे |

On this case Moradabad SSP Preetinder Singh said that the convicted Farhan has been arrested in the case of “POTA” in connection with a fake passport case. Apart from this, his criminal records are being investigated from Delhi and Ahmedabad and security agencies are interrogating him. “According to the information of ABP News, the police went into the investigation that Farhan had accompanied Shahid Ahmed, a resident of Ahmedabad, in the RSS , Conspiracy to kill the big leaders of the VHP and Bajrang Dal. Both of them were caught with arms in Delhi and under the POTA these people were also sentenced. After the Godhra carnage in 2002, Farhan came to Kuwait from Gujarat to take revenge on Ahmedabad and had spent about 15 days. Four kilos of explosives, 2 detonators, a Chinese pistol and 15 cartridges were recovered from him.

आगे की और कड़ी पूछताछ में खुलासा हुआ कि उसे कुवैत से मोटा पैसा मिल रहा था | यहाँ फरहान स्थानीय मदद और लोगों की वजह से छिपता फिर रहा था | अब इसके और कितने साथी हैं और इनकी योजना क्या थी, ये सब पूछताछ में निकाला जा रहा है | अब सवाल ये कि जहाँ आम आदमी अपना आधार कार्ड बनवाने के लिए जूझ रहा है, वहां इन लश्कर आतंकियों के आधार कार्ड बने हुए हैं | अखिलेश सरकार आख़िरकार कर क्या रही थी, जो अब आतंकवादी पकड़े जा रहे हैं |

Further inquiries revealed that he was getting huge money from Kuwait. Here Farhan was hiding due to local help and people. Now how many more are his partners and what their plan was, all this is being put into question. Now the question is, where the common man is struggling to make a base card, the base cards of these LeT terrorists are made up there. The Akhilesh government was finally doing what, now the terrorists are being caught.

कांग्रेस सरकार ने आधार कार्ड व्यवस्था को ऐसे लागू किया कि आधार कार्ड पर कुत्ते बिल्लियों की फोटो छपने लगी थी और न जाने कितने लाखों आधार कार्ड फर्जी बनाये गए जिन्हे बाद में जलाया गया | हमें जाबांज आईबी और एटीएस के अधिकारीयों पर गर्व होना चाहिए कि वो देश में अंदर बैठे हुए आतंकवादियों को ढूंढ कर गिरफ़्तार कर रही है | इसके साथ ही सवाल उठता है उन दलालों पर जो सरकार में बैठकर लोगों के फ़र्ज़ी पहचान पत्र, आधारकार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस बनवाते हैं | इन जैसे दलालों का फायदा ये आतंकवादी उठाते हैं और फर्जी दस्तावेज बनाकर अपने नापाक मंसूबे पूरे करने कि साज़िश रचते रहते हैं |

The Congress government implemented such Aadhar card system that the photo of dog cats was being printed on the Aadhar card and not knowing how many millions of Aadhar cards were made fake, which was later burnt. We should be proud of the officials of Jabanj IB and ATS that they are apprehending and arresting the terrorists sitting inside the country. Along with this, the question arises on those brokers who sit in government and make fake identity card, Aadhar card, driving license of the people. These terrorists take advantage of these brokers and make a fake document and plot to fulfill their nefarious plans.

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