कासगंज मामले में CM योगी का बड़ा आदेश, घरों में छापे से सामने आया ये बड़ा सच, ख़ुफ़िया तंत्र समेत मोदी जी हैरान…

कासगंज (29 जनवरी) : यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश को अपराध मुक्त बनाने का संकल्प किया हुआ है. उनके आदेश पर यूपी पुलिस ने एनकाउंटरों की झड़ी लगाई हुई है, अब तक 400 से ज्यादा बदमाशों को ठोका जा चुका है. इसके बावजूद कासगंज में जिहादी तत्वों ने दंगा कर दिया और अबतक हालात पर काबू ना पाने पर सूबे के सीएम योगी आदित्यनाथ पुलिस व् प्रशासन के अधिकारियों से नाराज हैं. सीएम योगी के आदेश के बाद एक्शन में आयी पुलिस ने जिहादियों के घरों पर छापेमारी शुरू की, तो सामने आया ऐसा मंजर जिसे देख खुद पुलिस भी हैरान रह गयी.

Kasganj (January 29): UP Yogi Adityanath has pledged to make the state free from crime. On the orders of the UP Police, there have been demonstrations of encouchers, so far more than 400 miscreants have been hit. In spite of this, the jihadist elements in Kasganj have rioted and if the situation is not controlled now, the CM Yogi Adityanath of the province is angry with the police and administration officials. After the order of CM Yogi, the police who came into action started raids on the houses of the jihadis, then it came to light that the police themselves were also surprised.

जिहादियों के घरों से देसी कट्टे, बम व् असला बरामद
यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रशासन को दंगाइयों के साथ सख्ती से निपटने के निर्देश दिए हैं. उनके आदेश के बाद मजहबी कट्टरपंथियों के घरों पर पुलिस ने छापेमारी की तो अबतक आधा दर्जन घरों से बम बरामद हुए हैं. इसके अलावा कई घरों से देसी कट्टे और भारी मात्रा में असला बरामद हुआ है.

Landlords, bombs and recovered from the houses of jihadis
UP Yogi Adityanath has instructed the administration to deal with rioters strictly. After their order, police raided the homes of religious fundamentalists, so far the bombs have been recovered from half a dozen houses. In addition to this, many houses have been found in the country’s local area and heavy quantities have been recovered.

ना केवल देसी बंदूकें बल्कि इन मजहबी जिहादियों ने भारी मात्रा में गोलियां भी जमा की हुई थी. पत्थरबाजी करने के लिए पत्थर भी जमा किये हुए थे. ये सब किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है. जाहिर सी बात है कि पहले से ही कासगंज को सुलगाने की साजिश की गयी थी.

Not only domestic guns, but these religious jihadis had also collected large amounts of bullets. Stones were also collected for stone stone. All this points to a big conspiracy. Obviously, it was already conspired to smuggle Kasganj.

सुनियोजित साजिश के तहत किया दंगा?
अब तक 60 से ज्यादा लोगों गिरफ्तार किया जा चुका है. ड्रोन के जरिये दंगा प्रभावित शहर पर नजर रखी जा रही है. बताया जा रहा है कि दंगा होने से करीब पांच दिन पहले चामुंडा मंदिर के लिए प्रशासन द्वारा रोड पर अस्थायी बैरिकेड लगाने से जिहादी काफी नाराज थे.

The riot done under a planned conspiracy?
So far, more than 60 people have been arrested. Drought affected city is being monitored. It is being told that the jihadis were very angry with the administration for Chamunda temple by imposing a temporary barricade on the road by the administration about five days before the riots.

त्यौहार के कारण मंदिर रोड पर जाम ना लगे या कोई दुर्घटना ना हो जाए इसके लिए प्रशासन ने अस्थायी बैरिकेड लगाकर यहाँ वाहनों का प्रवेश वर्जित कर दिया था. ये बात मजहबी जिहादियों को नामंजूर थी और उन्होंने उस वक़्त भी बवाल करने की पूरी कोशिश की थी.

Due to the festival, due to lack of traffic on the temple road or any accident, the administration had barred entry of vehicles here by putting temporary barricades. This thing was denied to religious jihadis and they tried their best to organize that time too.

योगी सरकार ने की नर-संहार की साजिश नाकाम
कासगंज दंगा शायद उसी बात का बदला निकालने के लिए सुनियोजित साजिश के तहत किया गया. बड़े पैमाने पर बरामद हुए बम, देसी पिस्तौलें व् असला बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है. योगी सरकार ना होती तो शायद ये जिहादी और भी ज्यादा खून-खराबा
व् उत्पात मचाते.

Yogi Sarkar’s Plot Destroyed Plot
The Kasganj riot was probably done under a planned conspiracy to seek revenge for the same thing. Large-scale recovered bombs, indigenous pistols, and point to a big conspiracy. Had not been a yogi government, perhaps this jihadist would have been more bloody
And so forth.

सूत्रों के हवाले से मिली खबर के मुताबिक़ जिहादियों के खिलाफ वक़्त रहते सख्त एक्शन ना लेने के लिए सीएम योगी एटा और कासगंज प्रशासन से नाराज बताए जा रहे हैं. माना जा रहा है कि डीएम और एसपी पर गाज गिर सकती है और दोनों को हटाया जा सकता है. इसी के साथ यूपी डीजीपी ओपी सिंह ने कासगंज में जिहादी तत्वों द्वारा भड़काए गए दंगे की बात कबूल कर ली है.

According to the sources quoted in the sources, the CM Yogi is being annoyed with Eta and the Kasganj administration for not taking strict action against the jihadists. It is believed that ghazs can fall on DM and SP and both can be removed. With this, UP DGP OP Singh has confessed to the riots fired by jihadist elements in Kasganj.

जिहादियों को बचाने जुटे अखिलेश यादव
उन्होंने कहा है कि किसी भी कीमत पर दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा. घर-घर में तलाशी अभियान जारी है. वहीँ राजनीतिक गिद्ध भी लाशों की राजनीति करने आ पहुंचे हैं. यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने ऐसा बयान दिया जिस से कहीं न कहीं चन्दन गुप्ता हत्यारों के परिजनों में खुशी की लहर दौड़ती दिख रही है. पुलिस ने जैसे ही जिहादियों के घरों पर छापेमारी शुरू की, तुरंत अखिलेश यादव ने बयान दिया कि कासगंज में पुलिस कार्यवाही करे, अन्याय नहीं.

Akhilesh Yadav to save the jihadis
They have said that the culprits will not be spared at any cost. In-house search operation is in progress. The same political vulture has also come to fight the corpses. Former Uttar Pradesh Chief Minister Akhilesh Yadav made a statement that, somewhere, Chandan Gupta’s killers are showing a wave of happiness. As soon as the police started raids on the houses of the jihadis, Akhilesh Yadav immediately said that police should take action in Kasganj, not injustice, injustice

यानी पुलिस जिहादियों के घरों पर छापेमारी करके बम व् पिस्तौल बरामद कर रही है तो अखिलेश की नजर में ये अन्याय हो रहा है. एबीपी न्यूज़ जैसे कुछ मीडिया चैनल भी योगी आदित्यनाथ, बीजेपी व् एबीवीपी को दोषी ठहराने में जुट गए हैं. जिहादियों के खिलाफ एक्शन शुरू होते ही समाजवादी पार्टी ने पुलिस जांच पर ही सवाल खड़े कर दिए. साम्प्रदायिक हिंसा को लेकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष किरणमय नंदा ने प्रदेश की बीजेपी सरकार पर हमला बोल दिया है. साथ ही उन्होंने कहा कि सपा को पुलिस की जांच पर यकीन नहीं है.

That is, the police raiding the houses of jihadis, recovered the bomb and pistol, and this is being done in the eyes of Akhilesh. Some media channels like ABP News have also begun to blame Yogi Adityanath, BJP and ABVP. As the action against the jihadis started, the Samajwadi Party questioned the police investigation itself. Samajwadi Party’s National Vice-President Kiranmayee Nanda has attacked the state BJP government over communal violence. He also said that SP is not sure about police investigation.

यह भी देखें:

https://youtu.be/LvTwV08DsAo

https://youtu.be/gxWa3r-mlh0

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