भारत बन गया विश्व शक्ति, 47 देशों समेत पाकिस्तान की फटी रेह्गायीं आँखें रूस अमेरिका हैरान

नई दिल्ली : पिछले कई दशकों से भ्रष्ट सरकारों ने भारत को लाचार बना के रख दिया था, जिससे नेताओं ने अपनी तिजोरियां अरबों रुपयों से भरी और सरकारी तिजोरी को खाली कर दिया. उस नुकसान का खामियाजा भारत को उठाना पड़ा. हज़ारों करोड़ों की डील करके कांग्रेस विदेश से हथियार खरीदती रही वो भी पुरानी तकनीक वाले, जिससे आये दिन लड़ाकू विमान, पनडुब्बी के हादसे देखने को मिलते थे.

New Delhi: For the past several decades, the corrupt governments had kept India as helpless, so that the leaders filled their safes with billions of rupees and emptied the government vault. India had to bear the brunt of that loss The Congress buying thousands of crores of crores of weapons from abroad was also old technique, from which day the fighter aircraft and submarine were seen in the tragedy.

 

 

तो वहीँ अब भारत में डिफेन्स एक्सपो 2018 की दमदार शुरुआत हो रही, जिसमे एक बार फिर पूरी दुनिया के 47 दिग्गज देश की नामी कंपनियां भारत में आयी हैं. चेन्नई में डिफेंस एक्सपो-2018 दुनिया भर से आए रक्षा क्षेत्र के व्यापारियों जमा हुए हैं.

So it is now the strong defense of the Defense Expo 2018 in India, in which once again renowned companies of 47 great people of the whole world came to India. Defense Expo -2018 in Chennai has gathered the defense sector traders from all over the world.

गुरुवार को एक्सपो का पीएम मोदी ने औपचारिक उद्घाटन किया. चार दिनों की इस प्रदर्शनी में भारत के रक्षा और सार्वजनिक क्षेत्र की ताकत दिखाई जाएगी और रक्षा क्षेत्र में निजी उद्योग की बढ़ती भूमिका को भी उजागर किया जाएगा.

On Thursday, the expo’s PM Modi formally inaugurated. This four-day exhibition will show the strength of India’s defense and public sector, and the growing role of private industry in the defense sector will also be exposed.

मोदी राज में भारत ने दिखाई दुनिया को बेशुमार ताकत, दंग रह गए अमेरिका रूस, जर्मनी

अपने कभी सोचा था कि जो भारत दूसरों से हथियार ख़रीददता था वो कभी दूसरे देशों को हथियार बेच सकेगा. जी हाँ, मोदी सरकार में केवल चार सालों में भारत की पहचान फर्श से अर्श पर पंहुचा दी है. आज भारत दूसरे देशों के आगे हाथ नहीं फैलाता बल्कि आज भारत अपने ही देश में हथियार बना रहा है और दूसरे देशों को हथियार बेच रहा है और खाली हो चुके सरकारी खजाने को लबालब भर रहा है. भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 423 अरब डॉलर पहुंच चुका है जो 2014 से पहले 279 अरब डॉलर का था.

India has seen the world’s huge strength in the state of Modi, stunned America Russia, Germany

It was a thought that India, who bought weapons from others, would be able to sell arms to other countries. Yes, in the Modi government, only four years have given India recognition to the floor. Today, India does not spread to other countries, but today India is making weapons in its own country and selling weapons to other countries and is filling the vacant government treasury. India’s foreign exchange reserves have reached $ 423 billion, which was $ 279 billion before 2014.

अमेरिका, ब्रिटेन, रूस, अफगानिस्तान और स्वीडन, फिनलैंड 47 देश आये भारत

America, Britain, Russia, Afghanistan and Sweden, Finland 47 countries come to India

इसमें अमेरिका, ब्रिटेन, रूस, अफगानिस्तान और स्वीडन, फिनलैंड, इटली, मैडागास्कर, म्यांमार, नेपाल, पुर्तगाल, सेशेल्स और वियतनाम सहित 47 देश भाग ले रहे हैं.

47 countries including USA, UK, Russia, Afghanistan and Sweden, Finland, Italy, Madagascar, Myanmar, Nepal, Portugal, Seychelles and Vietnam are participating in this.

आपको जानकार हैरानी होगी डिफेंस एक्सपो के इस 10वें संस्करण में पहली बार रक्षा क्षेत्र में देश की ताकत को दिखाने के लिए अलग से ‘भारत पवेलियन’ बनाया गया है. इस प्रदर्शनी के जरिये यह दिखाने की कोशिश की गई है कि भारत रक्षा सिस्टम और उपकरणों के निर्यात में एक ब्रांड बनने की ओर अग्रसर है. खास बात यह है कि प्रदर्शनी में रक्षा क्षेत्र में इस्तेमाल होने वाले छोटे-छोटे उपकरण बनाने में भारत के निजी क्षेत्र की बढ़ती ताकत को दर्शाने की कोशिश की गई है.

You will be surprised to know that in this 10th edition of the Defense Expo, for the first time, ‘Bharat Pavilion’ has been created separately to show the strength of the country in the defense sector. Through this exhibition it has been tried to show that India is looking forward to becoming a brand in defense systems and equipment exports. The special thing is that in the exhibition, efforts have been made to show the growing power of India’s private sector in making small instruments used in the defense sector.

154 अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने दिखाई अपनी रूचि

डिफेन्स एक्सपो 2018 में 517 भारतीय और 154 अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने अपने स्टाल लगाए हैं. प्रदर्शनी में हिस्सा ले रही भारतीय कंपनियों में टाटा, एल एंड टी, भारत फोर्ज, महिंद्रा, एमकेयू, डीआरडीओ, एचएएल, बीईएल, बीडीएल, बीईएमएल, एमडीएल, जीआरएसई, जीएसएल, एचएसएल, मिधानी और आयुध निर्माणी ने अपने-अपने स्टाल लगाए हैं.

154 international companies showed interest in their interest

In Defense Expo 2018, 517 Indian and 154 international companies have installed their stalls. Indian companies participating in the exhibition have set up their own stalls by Tata, L & T, Bharat Forge, Mahindra, MKU, DRDO, HAL, BEL, BDL, BEML, MDL, GRSE, GSL, HSL, Matsya and Ordnance Factory.

तो वहीँ दुनिया की सबसे बड़ी कम्पनिया लॉकहीड मार्टिन, अमेरिका की बोइंग, स्वीडन की साब, एयर बस, फ्रांस की राफेल, रूस की यूनाइटेड शिप बिल्डिंग, ब्रिटेन की बीएई सिस्टम्स, इजराइल की सिबत, फिनलैंड की वा‌िर्त्सला और जर्मनी की होर्डे एंड स्च्वार्ज ने यहां अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने के लिए स्टाल लगाए हैं.

So, the world’s largest company Lockheed Martin, America’s Boeing, Sweden’s Saab, Airbus, Rafael of France, United Ship Building of Russia, BAE Systems of Britain, Israel’s Sybit from Finland, Germany’s Horde and Schwartz Here are stalls to display your products.

मोदी राज में भारत की छुपी हुई प्रतिभा सामने आयी है, भारत आज दुनिया का सबसे बड़ा बाजार है. बढ़ती हुई जनसँख्या जो चीन की सबसे बड़ी परेशानी है, लेकिन भारत ने इस समस्या का सही इस्तेमाल किया है. भारत एक बाजार के रूप में उभर रहा है, दुनिया की दिग्गज कंपनियां भारत में निवेश कर रही हैं, भारत के लोगों को रोज़गार मिलेगा और हथियार बनने के बाद अमेरिका रूस, जापान , वियतनाम देशों को बेचने से भारत का भी शक्तिशाली देशों में नाम होगा.

India’s hidden talent has emerged in Modi Raj, India is the world’s largest market today. Growing population which is China’s biggest problem, but India has used this problem rightly. India is emerging as a market, world’s largest companies are investing in India, people of India will get employment and after becoming weapons, America will be named in powerful countries by selling to Russia, Japan and Vietnam countries. .

यह भी देखे
https://youtu.be/Uzs16fYnw1k

source political report

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