चीन के बॉर्डर तक अब जल्द पहुंच सकेगी इंडियन आर्मी, 150 करोड़ रुपये खर्च कर रही मोदी सरकार

नई दिल्ली। सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने 15 हजार फीट की ऊंचाई पर शिंकुला दर्रे से एक वैकल्पिक सड़क बनाई है, जिसके जरिये अब भारतीय सेना आसानी से पाकिस्तान और चीन की सीमा पर पहुंच सकेगी। दरअसल, बीआरओ शिंकुला दर्रे से सड़क बनाकर करगिल को मनाली से जोड़ दिया है। यानी कि अब मनाली से कारगिल की दूरी 250 किलोमीटर कम हो गई है। इसके पहले तक मनाली से लेह होकर कारगिल जाने के लिए 750 किमी का लंबा सफर करना पड़ता था। लेकिन इस सड़क के जरिये दूरी कम हो गई है।

India pak Border दुनिया की सबसे ऊंची सड़कों में से एक दारचा-शिंकुला-पदुम-करगिल मार्ग के दोनों छोरों को जोड़ दिया गया है। अब सेना बारालाचा, तंगलंगला और लाचुंगला दर्रों को पार किए बगैर शिंकुला दर्रा होकर जंस्कर से कारगिल पहुंच जाएगी।

इस बारे में बीआरओ 38 टीआरएफ के कमांडर कर्नल एसके अवस्थी ने बताया कि दारचा-शिंकुला- पदुम सड़क की फार्मेशन कटिंग पूरी हो गई है। बीआरओ ने जंस्कर के करग्या गांव के समीप ब्रिज बनाकर मनाली को करगिल से जोड़ दिया है।

India pak Border

टारिंग के बाद इस मार्ग पर यातायात शुरू हो जाएगा। हिमाचल के हिस्से में सड़क का निर्माण दीपक प्रोजेक्ट और जम्मू कश्मीर में हिमांक प्रोजेक्ट कर रहा है।

India pak Border

कर्नल अवस्थी ने बताया कि शिंकुला दर्रा होकर मनाली से कारगिल की दूरी 500 किमी रहेगी। इस सड़क के बनने से करगिल जिला का पदुम उपमंडल टूरिस्ट के लिए खुल जाएगा। वहीं, रोहतांग टनल बनने के बाद कुछ घंटों में मनाली से करगिल का सफर पूरा होगा।

source hindi.roomspostnews

PM मोदी ने भारतीय सेना को सौंपा ये घटक हन्थिया जिसे देख कर चीन ने भी चोर पाकिस्तान का साथ

नई दिल्ली : सीजफायर का उलंघन करने वाले पाकिस्तान की अक्ल ठिकाने लगाने के लिए पीएम मोदी ने सेना को खुली छूट दी हुई है. सेना भी हर हमले का बखूबी जवाब दे रही है, जिससे पाक फ़ौज में आतंक फैला हुआ है. कश्मीर में अपने आतंकी साथियों को मरता देख भी पाकिस्तान खौफजदा है. मगर अब सेना से जुडी एक ऐसा फैसला लिया गया है, जिसने पाक की नींदें हराम कर दी हैं.

New Delhi: PM Modi has given an open exemption to the army to set up an aisle of Pakistan who violate the seizure. Army is responding well to every attack, thereby spreading terror in the Pak army. Seeing the death of his terror companions in Kashmir, Pakistan is too scared. But now a decision has been taken with the army, which has stopped the sleep of Pakistan.

सेना को मिला पाक-चीन के टैंकों की तबाही का सामान
रक्षा अधिग्रहण परिषद (डीएसी) ने नौसेना के लिए डीआरडीओ द्वारा डिजायन किए गए नाग मिसाइल प्रणाली और 127 एमएम कैलीबर बंदूक समेत 3,687 करोड़ रुपये अधिक की पूंजी अधिग्रहण प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है. देश में ही विकसित तीसरी पीढ़ी की नाग मिसाइल एक गाइडेड एंटीटैंक मिसाइल है, जो इतना अचूक व् सटीक वार करती है कि इसके लिए कहा जाता है कि इसे ‘दागो और भूल जाओ’. ये मिसाइल एडवांस्‍ड इमेजिंग इंफ्रारेड रडार से लैस है, ये सुविधा बहुत कम देशों के पास है.

Pak army gets tanks of destruction
Defense Acquisition Council (DAC) has approved the acquisition of a capital acquisition proposal of Rs 3,687 crore, including the Nag missile system and 127 mm caliber gun designed by the DRDO for the navy. The third generation nag missile developed in the country is a guided antitank missile, which makes it so precise and precise that it is said to ‘Dago and forget’ These missiles are equipped with advanced imaging infrared radars, which are very few countries.

नाग मिसाइल वजन में काफी हल्की होती है. इसका कुल वजन महज 42 किलो है. इस मिसाइल को 10 साल तक बगैर रखरखाव के इस्तेमाल किया जा सकता है. नाग मिसाइल की गति 230 मीटर प्रति सेकंड है. एक खास बात और एक बार मिसाइल दाग दी गई तो इसे रोका नहीं जा सकेगा. रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्क्षयता में डीएसी ने नाग मिसाइल प्रणाली (एनएएमआईएस) के खरीद को मंजूरी दी है, जिसकी लागत 524 करोड़ रुपये है.

Snake missile is quite light weight. Its total weight is only 42 kg. This missile can be used for up to 10 years without maintenance. The speed of the serial missile is 230 meters per second. A special thing and once a missile was stained, it could not be stopped. In the absence of Defense Minister Nirmala Sitharaman, the DAC has approved the purchase of Nag Missile System (NAMIS), which costs Rs 524 crore.

इसका डिजायन और विकास रक्षा शोध व विकास संगठन (डीआरडीओ) ने किया है और यह भारत की बढ़ती तकनीकी शक्ति का प्रतिबिंब होने के अलावा स्वदेशीकरण को भी बढ़ावा देगा. आधिकारिक बयान में कहा गया, “नाग मिसाइल तीसरी पीढ़ी का टैंकरोधी गाइडेड मिसाइल है, जिसमें हमले की अचूक क्षमता है और यह दिन हो या रात दुश्मन के सभी प्रकार के टैंक को नष्ट कर सकती है.

It has been designed and developed by Defense Research and Development Organization (DRDO) and it will also promote indigenization in addition to being a reflection of India’s growing technical power. “Nag missile is a third-generation antiterrorist guided missile, which has the exact capability of attack and it can destroy all types of enemy tanks during the day or night,” the official statement said.

इससे सेना की क्षमता को काफी बढ़ावा मिलेगा.” डीएसी ने इसके अलावा 127 कैलीबर की बंदूकों को नौसेना के लिए खरीद करने को मंजूरी दी, जिसे नए युद्धपोतों में लगाया जाएगा. अमेरिका की बीएई सिस्टम्स से यह खरीद 3000 करोड़ रुपए से अधिक की लागत में की जाएगी.

This will boost the capacity of the army. “The DAC also approved the purchase of 127 caliber guns for Navy, which will be installed in the new warships. This purchase from the US BAE Systems will be done at a cost of more than 3000 crores.

एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल ‘नाग’ का सफल परीक्षण
बीते साल 8 सितंबर को रक्षा विकास अनुसंधान संगठन (डीआरडीओ) ने भारत में निर्मित तीसरी पीढ़ी की एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल (एटीजीएम) ‘नाग’ का राजस्थान में सफल परीक्षण किया था। उस दौरान मिसाइल ने सशस्त्र सेना की इच्छा के अनुसार अलग-अलग दूरी पर रखे गए अपने लक्ष्यों को सफलतापूर्वक भेदा.

Successful test of anti-tank guided missile ‘Nag’
On September 8 last year, Defense Development Research Organization (DRDO) conducted a successful test in India, a third generation anti-tank guided missile (ATGM), Nag Nag in Rajasthan. During that time the missile successfully deployed its targets at different distances according to the will of the Armed Forces.

दोनों मिसाइल के सफलतापूर्वक परीक्षण और इससे पहले जून (2017) में किए गए परीक्षण के बाद एटीजीएम ‘नाग’ के साथ एनएएमआईसी प्रक्षेपण प्रणाली पूरी तरह स्थापित हो गई थी। इस प्रकार नाग मिसाइल ने सभी विकास परीक्षण को सफलतापूर्वक पूरा किया था.

Following the successful testing of both the missiles and earlier tests done in June (2017), the NAMIC launch system with ATGM ‘Nag’ was fully established. Thus the Nag missile successfully completed all development tests.

साफ़ जाहिर है कि देश की सुरक्षा के लिए मोदी सरकार सभी तरह के जरूरी कदम उठा रही है. नाग मिसाइल के अलावा अमेरिका के प्रतिबंधों की परवाह ना करते हुए पीएम मोदी ने रूस से एस-400 मिसाइल सिस्टम खरीदने का फैसला भी कर लिया है. पाक-चीन दोनों को पछाड़ने के लिए भारतीय सेना की ताकत लगातार बधाई जा रही है.

Clearly, the Modi government is taking all necessary steps to protect the country. In addition to the Nag missile, while ignoring US sanctions, PM Modi has also decided to buy S-400 missile systems from Russia. The strength of the Indian Army is continuously being congratulated to outrun both Pakistan and China.

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यह भी देखें :

https://www.youtube.com/watch?v=m7CoPymK4gw

 

https://www.youtube.com/watch?v=8WfEyICu_NM

गुजरात चुनाव के बीच कैसे गुजरात पूर्व CM को पाकिस्तानी फाइटर प्लेन ने निशाना बनाकर मार डाला !

नई दिल्लीः गुजरात चुनाव में जैसे-जैसे मतदान की तारीख नजदीक आ रही हैं वैसे-वैसे सियासी माहौल भारी सभा में गरम होता जा रहा है, इसी बीच कांग्रेस पार्टी ने सोशल मीडिया से अपने काम गिनाने के लिए एक सर्वे कर रही है, जिसमे गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री के बारे में पूछा गया,

New Delhi: As the date of voting is coming closer in the Gujarat elections, the political atmosphere is getting hot in the heavy assembly. In the meantime, the Congress party is conducting a survey to count its work from social media, in which Gujarat Asked about the former Chief Minister,

इस सवाल के साथ कांग्रेस ने लोगों के सामने 4 विकल्प दिए थे. जिनमें आनंदीबेन पटेल, केशुभाई पटेल, बलवंत राय मेहता और नरेंद्र मोदी का नाम शामिल था. सबसे ज्यादा लोगों का जवाब आया बलवंत राय मेहता, बलवंत राय मेहता गुजरात के दूसरे मुख्यमंत्री थे. मेहता जून 1963 से लेकर सितंबर 1965 तक गुजरात के सीएम थे.बलवंत राय मेहता मुख्यमंत्री रहते हुए ही दुश्मन के विमान द्वारा किए गए हमले में मारे गए थे. जिस वक्त भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध की स्थिति बनी हुई थी उसी वक्त पाकिस्तान की सीमा के पास सीएम के विमान को दुश्मन के फाइटर प्लेन ने निशाना बना कर उड़ा दिया था. पाकिस्तान की इस कायराना हरकत में 8 लोगों की मौत हुई थी.

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With this question, the Congress had given 4 options to the people. Which included Anandiben Patel, Keshubhai Patel, Balwant Roy Mehta and Narendra Modi. Balwant Roy Mehta, Balwant Roy Mehta was the second Chief Minister of Gujarat. Mehta was the CM of Gujarat from June 1963 to September 1965. Balwant Ray Mehta was killed in an attack by the enemy aircraft while being the Chief Minister. At the time when the situation of war between India and Pakistan had remained, the CM’s plane was blown up by the fighter plane of the enemy near the border of Pakistan at the same time. In this sad incident, 8 people were killed in Pakistan.

दरअसल 19 सितंबर 1965 को तत्कालीन सीएम बलवंत राय मेहता राज्य के कच्छ के दौरे पर थे. मेहता के साथ उनकी पत्नी सरोज बेन, स्टाफ के तीन सदस्य, एक पत्रकार और दो क्रू मेंबर भी शामिल थे. मीठापुर से कच्छ के लिए सीएम के विमान ने जैसे ही उड़ान भरी वैसे ही उसे पाकिस्तान के फाइटर पायलेट कैस हुसैन ने इंटरसेप्ट किया और उसे घेर लिया. पाकिस्तानी एयरक्राफ्ट को देखते हुए बीचक्राफ्ट ने अपने पंखे हिलाने शुरू कर दिए. यह दया और छोड़ दिए जाने का इशारा था. गुजरात सरकार के मुख्य पायलट जहांगीर एम. इंजीनियर उड़ा रहे थे. इंजीनियर भारतीय वायुसेना में पायलट और सह पायलट के रूप में अपनी सेवा दे चुके थे.

In fact, on September 19, 1965, the then CM Balwant Roy Mehta was on the Kutch tour of the state. Mehta was accompanied by his wife Saroj Ben, three staff members, a journalist and two crew members. As soon as the CM aircraft flew from Mithapur to Kutch, it intercepted and intercepted Pakistan’s Fighter pilot Cas Hussain. Seeing Pakistani aircraft, Beechcraft started moving their fans. It was a sign of mercy and abandonment. Jahangir M. Engineer, the chief pilot of the Gujarat government was flying. Engineers had served in the Indian Air Force as pilots and co-pilots.

इस बीच पाकिस्तानी पायलेट ने हवा में दो फायर किए. मीठापुर से 100 किलोमीटर दूर सुथाली गांव के ऊपर दोनों फायर ने बलवंत मेहता के बीचक्राफ्ट विमान को हिट किया और विमान में विस्फोट हो गया. 46 साल बाद पाकिस्तानी फाइटर एयरक्राफ्ट के पायलट ने मेहता के हेलिकॉप्टर बीचक्राफ्ट के पायलट की बेटी को पत्र लिखकर माफी मांगी. पायलट की बेटी ने भी पत्र का जवाब दिया और पिता के हत्यारे को माफ कर दिया.

Meanwhile, the Pakistani pilot fired two in the air. On the Suthali village, 100 km from Mithapur, both the fires hit the aircraft aircraft between Balwant Mehta and the plane exploded. After 46 years, the pilot of the Pakistani Fighter aircraft apologized by writing to the daughter of Mehta’s helicopter Beechcraft pilot. The Pilot’s daughter also answered the letter and forgiven the father’s killer.

यह घटना बिलकुल सही है परन्तु कांग्रेस को यह घटना गुजरात चुनाव के ऐन पहले ही क्यों याद आयी, क्योंकि कांग्रेस वोटरों को भावुक करके वोट मांगने में माहिर है ऐसा ही कुछ राहुल गंधी ने २०१४ के लोगसभा चुनावों में किया था जब उन्होंने अपने गुजरे हुए पिता और दादी का हवाला देकर लोगों से वोट की अपील की थी !

This incident is absolutely right, but why did the Congress remember this phenomenon before Gujarat elections, because the Congress is passionate about voting for voters, and some such Rahul Gandhi did in the 2014 Lok Sabha elections when he passed away Referring to her grandmother, people had appealed to vote!

यह भी देखे

https://youtu.be/WE3MmmBzG4k

https://youtu.be/o9LQnPMci4I

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ब्रेकिंग – बॉर्डर पर चीन के खिलाफ पीएम मोदी का बड़ा एक्शन, भारतीय सेना के इस कदम से चीन के होश हुए फाख्ता.

कांग्रेस राज में भले ही भारत चीन के साथ हुआ युद्ध हार गया हो, मगर मोदी राज में हालात बदल चुके हैं. भारत की ताकत आज इतनी बढ़ चुकी है कि चीन भारत पर हमला करने की सोच तक नहीं सकता. डोकलाम में चीनी सेना को पीछे हटने पर मजबूर करने के बाद भारत ने चीन के खिलाफ बड़ा कदम उठाया है.

Though Congress may have lost the war with China in the Congress, but circumstances have changed in Modi Raj. India’s strength has become so big that China can not even think of attacking India. After forced the Chinese army to retreat in Dokalmal, India has taken a big step against China.

तिब्बत के पास चीन सीमा पर भारतीय सेना मुस्तैद
भारत ने अरुणाचल प्रदेश से सटी चीन सीमा पर भारी संख्या में सैनिकों को तैनात कर दिया है. सेना के एक बड़े हिस्से को रणनीतिक तौर पर संवेदनशील माने जाने वाले दिबांग, दाउ देलाइ और लोहित घाटी में तैनात किया गया है. इसके अलावा सेना ने बॉर्डर पर निगरानी भी काफी बढ़ा दी है, जिससे चीन की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है.
बताया जा रहा है कि ये कदम चीन के साथ हुए डोकलाम विवाद को ध्यान में रखकर लिया गया है. पिछले साल भारत और चीन की सेनाएं डोकलाम क्षेत्र को लेकर 72 दिनों तक आमने-सामने रही थीं. सेना के अधिकारियों के मुताबिक, अरुणाचल में सेना अपना निगरानी तंत्र विकसित करने में जुटी है, ताकि चीन पर नजर रखी जा सके.

Indian Army Mighty On Tibet Near China Border
India has deployed a large number of troops on the China border from Arunachal Pradesh. A large section of the army has been deployed in strategically sensitive areas like Dibang, Dau Deli and Lohit Valley. Apart from this, the Army has increased the monitoring on the border too, which is keeping an eye on every activity of China.
It is being said that these steps have been taken keeping in view the Docalm controversy with China. Last year, India and China’s armies were facing face-to-face for 72 days in the field of Dokalam region. According to army officials, the Arunachal army is engaged in developing its monitoring system so that China can be monitored.

चीन के छक्के छुड़ाने के लिए तैयार भारतीय सेना
इलाके की टोह लेने के लिए यहां हेलिकॉप्टर भी भेजे जाते रहे हैं. अधिकारियों ने बताया कि सेनाएं दिबांग, दाउ देलाइ और लोहित घाटियों के खतरनाक इलाकों पर मौजूदगी बढ़ाना चाहती हैं. इनमें 17 हजार फीट ऊंची बर्फीली पहाड़ियां और घाटी की गहराई में स्थित नदियां भी शामिल हैं. चीन हमेशा ही इन इलाकों को लेकर भारत पर दबाव बनाता रहा है.

ndian army ready to get rid of six Chinese chicks
Helicopters have also been dispatched to take recruitment of the area here. Officials said that the forces want to increase presence on the dangerous areas of Dibang, Daw Daili and Lohit valleys. These include the snowy hills of 17 thousand feet high and the rivers located in the depths of the valley. China has always been pressurizing India on these areas.

अरुणाचल के किबिथु में तैनात सेना के एक अधिकारी ने बताया- “डोकलाम के बाद सेना ने इस क्षेत्र में अपनी गतिविधियां बढ़ाई है. हम किसी भी खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं.”सभी रणनीतिक इलाकों पर सेना की पैनी नज़र

An army officer posted in Kibrithu, Arunachal Pradesh, said: “After the dawn, the army has increased its activities in this area. We are fully prepared to deal with any threat. “Army’s sharp eyes on all strategic areas

“भारतीय सेना अब अपनी लंबी दूरी की गश्तों (लॉन्ग रेंज पैट्रोल्स) को बढ़ाने पर ध्यान दे रही है. इसमें छोटी-छोटी टुकड़ियां 15 से 30 दिन के लिए गश्त पर भेजी जाती हैं.” अधिकारी ने बताया कि भारत ये कदम लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (एलएसी) को सुरक्षित बनाए रखने के लिए उठाया है. बता दें कि भारत और चीन बॉर्डर 1962 के बाद से आज तक एक भी गोली नहीं चली है.

“The Indian Army is now focusing on increasing its long range patrols. In this small pieces are sent to patrol for 15 to 30 days. “The official said that India has taken steps to keep the Line of Actual Control (LAC) safe. Please tell us that there has not been a single bullet from India since 1962 till today and China border.

अधिकारी ने नाम ना बताने की शर्त पर कहा कि सेना ने भारत, चीन और म्यांमार ट्राई-जंक्शन जैसे अहम रणनीतिक इलाकों को ध्यान में रखते हुए वहां भी सेना तैनात की है. ड्रोन के जरिये भी इलाके पर नज़र रखी जा रही है.

The official said on condition of anonymity that the army has deployed the army there keeping in mind the important strategic areas of India, China and Myanmar Tri-junction. The area is also being tracked through the drone.

बता दें कि पीएम मोदी ने सत्ता संभालते ही अरुणाचल से सटी चीन सीमा की ओर ध्यान दिया था. कांग्रेस ने तो यहाँ ढंग की सड़कें तक नहीं बनवायी थी, मगर अब ना केवल यहाँ अच्छी सड़कें बनायी जा रही हैं बल्कि ब्रह्मोस मिसाइल को भी यहाँ तैनात किया जा चुका है. चीनी सेना की किसी भी नापाक हरकत का मुहतोड़ जवाब देने के लिए भारतीय सेना को पूरी तरह से तैयार रखा गया है.

Let me tell you that when PM Modi took over the power, he had taken note of China border beyond Arunachal. The Congress did not even build up the roads of the modes, but now only good roads are being built here but the BrahMos missile has also been deployed here. The Indian Army has been fully prepared to give a counterattack to any of the nefarious movements of the Chinese army.

यह विडियो भी देखे

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भारत बन गया विश्व शक्ति, 47 देशों समेत पाकिस्तान की फटी रेह्गायीं आँखें रूस अमेरिका हैरान

नई दिल्ली : पिछले कई दशकों से भ्रष्ट सरकारों ने भारत को लाचार बना के रख दिया था, जिससे नेताओं ने अपनी तिजोरियां अरबों रुपयों से भरी और सरकारी तिजोरी को खाली कर दिया. उस नुकसान का खामियाजा भारत को उठाना पड़ा. हज़ारों करोड़ों की डील करके कांग्रेस विदेश से हथियार खरीदती रही वो भी पुरानी तकनीक वाले, जिससे आये दिन लड़ाकू विमान, पनडुब्बी के हादसे देखने को मिलते थे.

New Delhi: For the past several decades, the corrupt governments had kept India as helpless, so that the leaders filled their safes with billions of rupees and emptied the government vault. India had to bear the brunt of that loss The Congress buying thousands of crores of crores of weapons from abroad was also old technique, from which day the fighter aircraft and submarine were seen in the tragedy.

 

 

तो वहीँ अब भारत में डिफेन्स एक्सपो 2018 की दमदार शुरुआत हो रही, जिसमे एक बार फिर पूरी दुनिया के 47 दिग्गज देश की नामी कंपनियां भारत में आयी हैं. चेन्नई में डिफेंस एक्सपो-2018 दुनिया भर से आए रक्षा क्षेत्र के व्यापारियों जमा हुए हैं.

So it is now the strong defense of the Defense Expo 2018 in India, in which once again renowned companies of 47 great people of the whole world came to India. Defense Expo -2018 in Chennai has gathered the defense sector traders from all over the world.

गुरुवार को एक्सपो का पीएम मोदी ने औपचारिक उद्घाटन किया. चार दिनों की इस प्रदर्शनी में भारत के रक्षा और सार्वजनिक क्षेत्र की ताकत दिखाई जाएगी और रक्षा क्षेत्र में निजी उद्योग की बढ़ती भूमिका को भी उजागर किया जाएगा.

On Thursday, the expo’s PM Modi formally inaugurated. This four-day exhibition will show the strength of India’s defense and public sector, and the growing role of private industry in the defense sector will also be exposed.

मोदी राज में भारत ने दिखाई दुनिया को बेशुमार ताकत, दंग रह गए अमेरिका रूस, जर्मनी

अपने कभी सोचा था कि जो भारत दूसरों से हथियार ख़रीददता था वो कभी दूसरे देशों को हथियार बेच सकेगा. जी हाँ, मोदी सरकार में केवल चार सालों में भारत की पहचान फर्श से अर्श पर पंहुचा दी है. आज भारत दूसरे देशों के आगे हाथ नहीं फैलाता बल्कि आज भारत अपने ही देश में हथियार बना रहा है और दूसरे देशों को हथियार बेच रहा है और खाली हो चुके सरकारी खजाने को लबालब भर रहा है. भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 423 अरब डॉलर पहुंच चुका है जो 2014 से पहले 279 अरब डॉलर का था.

India has seen the world’s huge strength in the state of Modi, stunned America Russia, Germany

It was a thought that India, who bought weapons from others, would be able to sell arms to other countries. Yes, in the Modi government, only four years have given India recognition to the floor. Today, India does not spread to other countries, but today India is making weapons in its own country and selling weapons to other countries and is filling the vacant government treasury. India’s foreign exchange reserves have reached $ 423 billion, which was $ 279 billion before 2014.

अमेरिका, ब्रिटेन, रूस, अफगानिस्तान और स्वीडन, फिनलैंड 47 देश आये भारत

America, Britain, Russia, Afghanistan and Sweden, Finland 47 countries come to India

इसमें अमेरिका, ब्रिटेन, रूस, अफगानिस्तान और स्वीडन, फिनलैंड, इटली, मैडागास्कर, म्यांमार, नेपाल, पुर्तगाल, सेशेल्स और वियतनाम सहित 47 देश भाग ले रहे हैं.

47 countries including USA, UK, Russia, Afghanistan and Sweden, Finland, Italy, Madagascar, Myanmar, Nepal, Portugal, Seychelles and Vietnam are participating in this.

आपको जानकार हैरानी होगी डिफेंस एक्सपो के इस 10वें संस्करण में पहली बार रक्षा क्षेत्र में देश की ताकत को दिखाने के लिए अलग से ‘भारत पवेलियन’ बनाया गया है. इस प्रदर्शनी के जरिये यह दिखाने की कोशिश की गई है कि भारत रक्षा सिस्टम और उपकरणों के निर्यात में एक ब्रांड बनने की ओर अग्रसर है. खास बात यह है कि प्रदर्शनी में रक्षा क्षेत्र में इस्तेमाल होने वाले छोटे-छोटे उपकरण बनाने में भारत के निजी क्षेत्र की बढ़ती ताकत को दर्शाने की कोशिश की गई है.

You will be surprised to know that in this 10th edition of the Defense Expo, for the first time, ‘Bharat Pavilion’ has been created separately to show the strength of the country in the defense sector. Through this exhibition it has been tried to show that India is looking forward to becoming a brand in defense systems and equipment exports. The special thing is that in the exhibition, efforts have been made to show the growing power of India’s private sector in making small instruments used in the defense sector.

154 अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने दिखाई अपनी रूचि

डिफेन्स एक्सपो 2018 में 517 भारतीय और 154 अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने अपने स्टाल लगाए हैं. प्रदर्शनी में हिस्सा ले रही भारतीय कंपनियों में टाटा, एल एंड टी, भारत फोर्ज, महिंद्रा, एमकेयू, डीआरडीओ, एचएएल, बीईएल, बीडीएल, बीईएमएल, एमडीएल, जीआरएसई, जीएसएल, एचएसएल, मिधानी और आयुध निर्माणी ने अपने-अपने स्टाल लगाए हैं.

154 international companies showed interest in their interest

In Defense Expo 2018, 517 Indian and 154 international companies have installed their stalls. Indian companies participating in the exhibition have set up their own stalls by Tata, L & T, Bharat Forge, Mahindra, MKU, DRDO, HAL, BEL, BDL, BEML, MDL, GRSE, GSL, HSL, Matsya and Ordnance Factory.

तो वहीँ दुनिया की सबसे बड़ी कम्पनिया लॉकहीड मार्टिन, अमेरिका की बोइंग, स्वीडन की साब, एयर बस, फ्रांस की राफेल, रूस की यूनाइटेड शिप बिल्डिंग, ब्रिटेन की बीएई सिस्टम्स, इजराइल की सिबत, फिनलैंड की वा‌िर्त्सला और जर्मनी की होर्डे एंड स्च्वार्ज ने यहां अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने के लिए स्टाल लगाए हैं.

So, the world’s largest company Lockheed Martin, America’s Boeing, Sweden’s Saab, Airbus, Rafael of France, United Ship Building of Russia, BAE Systems of Britain, Israel’s Sybit from Finland, Germany’s Horde and Schwartz Here are stalls to display your products.

मोदी राज में भारत की छुपी हुई प्रतिभा सामने आयी है, भारत आज दुनिया का सबसे बड़ा बाजार है. बढ़ती हुई जनसँख्या जो चीन की सबसे बड़ी परेशानी है, लेकिन भारत ने इस समस्या का सही इस्तेमाल किया है. भारत एक बाजार के रूप में उभर रहा है, दुनिया की दिग्गज कंपनियां भारत में निवेश कर रही हैं, भारत के लोगों को रोज़गार मिलेगा और हथियार बनने के बाद अमेरिका रूस, जापान , वियतनाम देशों को बेचने से भारत का भी शक्तिशाली देशों में नाम होगा.

India’s hidden talent has emerged in Modi Raj, India is the world’s largest market today. Growing population which is China’s biggest problem, but India has used this problem rightly. India is emerging as a market, world’s largest companies are investing in India, people of India will get employment and after becoming weapons, America will be named in powerful countries by selling to Russia, Japan and Vietnam countries. .

यह भी देखे
https://youtu.be/Uzs16fYnw1k

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2019 चुनाव से पहले एशिया के सबसे बड़े बैंक ने दी ज़बरदस्त चौंकाने वाली रिपोर्ट,जिसे देख चीन समेत कांग्रेस के परखच्चे,उड़े

नई दिल्ली : भारतीय अर्थव्यवस्था को लेकर पिछले कई सालों से कांग्रेस और उनके महान अर्थशास्त्री भ्रम फैला रहे हैं, कोई अर्थव्यवस्था को डूबता हुआ बताता है तो खुद मनमोहन इसे आर्थिक आपातकाल बताते हैं लेकिन बैंकों के NPA घोटाले पर वो तुरंत चुप्पी साध लेते हैं.

New Delhi: For the last several years, the Congress and their great economists are spreading illusions about the Indian economy, if someone tells the economy to be submerged, then Manmohan himself calls it a financial emergency, but he immediately gets silent on the NPA scam of the banks.

साल 2019 में और ज़्यादा घटकर मात्र 6.4 प्रतिशत रह जाएगी.

लेकिन झूठ और भ्रम के बादल सच के सूरज को ज़्यादा देर तक नहीं छिपा सकते. भारत आज चीन को पछाड़ते हुए दुनिया की सबसे तेज़ गति से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था बन चुका है. पिछले एक साल से लगातार वर्ल्ड बैंक, IMF , WEF , मॉर्गन स्टैनले , UN सब जगह से खुशखबरी आ रही हैं. तो वहीँ इस बीच 2019 चुनाव से पहले अब ASIA के सबसे बड़े बैंक से बेहद चौंकाने वाली रिपोर्ट आ रही है जो कांग्रेस की धड़कनों को रोक देगी.

In 2019, it will be reduced to only 6.4 percent.

But clouds of delusion and confusion can not hide the truth of the sun for a long time. India today has become the world’s fastest growing economy while retreating China. For the past year, World Bank, IMF, WEF, Morgan Stanley, UN are getting good news from everywhere. In the meantime, before the 2019 elections, there is a very surprising report coming from the largest bank of ASIA, which will stop the beleaguered Congress.

इस साल एक बार फिर भारत के नाम रहा ये मुकाम

एशिया डेवलोपमेन्ट बैंक (ADB) ने अपनी रिपोर्ट में भारत की आर्थिक वृद्धि दर मौजूदा वित्त वर्ष 2018-19 में 7.3 प्रतिशत जबकि अगले वित्त वर्ष 2019-20 में 7.6 प्रतिशत रहने का एलान किया है. इसके साथ ही एक बार फिर मोदी राज में भारत पूरे एशिया का सबसे तेज़ गति से बढ़ती अर्थव्यवस्था के दर्जे पर कायम रहेगा.

This year once again, India’s name remained unchanged.

In its report, Asia Development Bank (ADB) has declared India’s economic growth rate 7.3 percent in current financial year 2018-19 and 7.6 percent in the next financial year 2019-20. With this, once again in Modi Raj, India will remain in the fastest growing economy of Asia.

चीन को लेकर भी आयी रिपोर्ट , नहीं रहा किसी को मुँह दिखाने के लायक

अब आइये इसी बड़े बैंक की चीन को लेकर रिपोर्ट देख लेते हैं. चीन के बारे में ADB की रिपोर्ट में कहा गया है कि जहाँ भारत लगातार हर साल प्रगति करता जा रहा है वहीँ चीन हर साल लगातार लुढ़कता जा रहा है. ADB बैंक अनुसार चीन की आर्थिक वृद्धि 2017 में 6.9 प्रतिशत थी. इसके बाद इस साल ये घटकर 6.6 प्रतिशत पर आ जाएगी. यही नहीं अगले

Report about China, not being able to show anybody

Now let’s look at reports of this big bank about China. About the China ADB report states that while India is progressing steadily every year, China is constantly rolling down every year. According to the ADB bank, China’s economic growth was 6.9 percent in 2017. After this, it will come down to 6.6 percent this year. Not next

अभी मिल रही ताज़ा खबर के मुताबिक मोदी के नेतृत्व में भारतीय अर्थव्यवस्था मजबूती के साथ बढ़ रही है. भारतीय अर्थव्यवस्था में लगातार पकड़ती तेजी पर एक और वैश्विक संस्था ने मुहर लगाई है.

According to the latest news available today, the Indian economy is growing steadily in the leadership of Modi. Another global institution has stamped on the fast growth of the Indian economy.

छायी हुई है आर्थिक मंदी

ये केवल चीन का ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया का यही हाल है. पूरे अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ज़बरदस्त आर्थिक मंदी छायी हुई है. अमेरिका, जापान, कोरिया सभी इस आर्थिक भूचाल में डूबे जा रहे हैं. बड़े व्यापारियों को रोज़ अरबों का घाटा हो रहा है लेकिन इसके उलट बेहत हैरतअंगेज़ तरीके से भारत हर साल तेज़ी से प्रगति करता जा रहा है.

Covered economy

This is not the case of China, but the whole world. There is a tremendous economic slowdown at the international level. America, Japan, Korea are all being immersed in this economic monsoon. Large traders are losing billions of rupees daily, but in contrast, India is progressing rapidly every year in a surprising way.

रफ्तार की पटरी पर दौड़ेगी भारतीय अर्थव्यवस्था- फिच

इससे पहले वैश्विक रेटिंग एजेंसी फिच ने भारत की आर्थिक वृद्धि दर अगले वित्त वर्ष 2018-19 में 7.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है. इसमें कहा गया है कि ग्रामीण क्षेत्र में मांग बढ़ने से देश की आर्थिक रफ्तार को सबसे अधिक बल मिलेगा. इसके साथ ही वित्त वर्ष 2019-20 में आर्थिक वृद्धि दर बढ़कर 7.5 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया गया है.

Indian economy to run on fast track: Fitch

Earlier, global rating agency Fitch has projected India’s economic growth rate to be 7.3 percent in the next financial year 2018-19. It has been said that due to the increase in demand in the rural areas, the economic growth of the country will be the highest. With this, the economic growth rate in the financial year 2019-20 has been projected to increase to 7.5 percent.

दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था- आईएमएफ

अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने एक बार फिर दोहराया है कि भारतीय अर्थव्यवस्था 2018 में 7.4 प्रतिशत की दर से बढ़ेगी। आईएमएफ ने उम्मीद जताई है कि नोटबंदी और जीएसटी के बावजूद भारत उभरती अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेजी से विकास करेगा.

The world’s fastest growing economy – IMF

The International Monetary Fund (IMF) has repeatedly reiterated that the Indian economy will grow at a rate of 7.4 percent in 2018. The IMF has expressed hope that in spite of graft and GST, India will develop fastest in emerging economies.

ब्रिटेन-फ्रांस को पछाड़ दुनिया की टॉप 5 अर्थव्यवस्था में होगा भारत

सेंटर फॉर इकोनॉमिक्स एंड बिजनेस रिसर्च (सीईबीआर) की रिपोर्ट के अनुसार भारत 2018 में ब्रिटेन और फ्रांस को पछाड़कर पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की तैयारी कर रहा है। सीईबीआर के डिप्टी चेयरमैन डोगलस मैकविलियम ने कहा कि वर्तमान में अस्थायी असफलताओं के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था फ्रांस और ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था के बराबर टक्कर दे रही है.

UK-France to be world’s top 5 economy in India

According to the Center for Economic and Business Research (CEBR) report, India is preparing to become the fifth largest economy in 2018, overtaking Britain and France. CEBR Deputy Chairman Douglas McWilliam said that despite the current setbacks, India’s economy is fighting a parallel to the economy of France and Britain.

भारत कई ग्लोबल शॉक से बचा हुआ है – जापानी वित्तीय सेवा कंपनी नोमुरा

जापानी वित्तीय सेवा कंपनी नोमुरा ने भारत की ग्रोथ के बारे में पॉजिटिव रिपोर्ट दी थी। नोमुरा में इमर्जिंग मार्केट्स इकनॉमिक्स के हेड रॉबर्ट सुब्बारमण का कहना था कि भारत कई ग्लोबल शॉक से बचा हुआ है और अगले साल उसकी ग्रोथ 7.5 पर्सेंट रह सकती है।

India is left with many global shocks – Japanese financial services company Nomura

Japanese financial services company Nomura gave a positive report about India’s growth. Robert Subbaranan, Head of Emerging Markets Economics at Nomura, said that India has avoided many global shocks and its growth could be 7.5% next year.

भारत अगले 10 वर्षों में दुनिया में सबसे तेज रफ्तार से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओं में शुमार हो जाएगा। वैश्विक वित्तीय सेवा कंपनी मॉर्गन स्टेनली ने दावा किया है किडिजिटलीकरण, वैश्वीकरण और सुधारों के चलते आने वाले दशक में भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था होगी.

India will be among the fastest growing economies in the world in the next 10 years. Global financial services company Morgan Stanley has claimed that due to digitization, globalization and reforms, India will be the world’s fastest growing economy in the coming decade.

भारत बना विदेशी कंपनियों के लिए पसंदीदा जगह- चीन

यहाँ तक की खुद चीन भी अब भारत की तारीफ करने के लिए मजबूर हो रहा है. चीन के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स ने कहा है कि भारत विदेशी कंपनियों के लिए खूब आकर्षण बन रहा है। अखबार ने एक लेख में कहा है कि कम लागत में उत्पादन धीरे-धीरे चीन से हट रहा है. मोदी सरकार ने बाजार के एकीकरण के लिए जीएसटी लागू किया है. लेख में कहा गया है कि आजादी के बाद के सबसे बड़े आर्थिक सुधार जीएसटी से फॉक्सकॉन जैसी बड़ी कंपनी भारत में निवेश करने के अपने वादे के साथ आगे बढ़ेंगी.

ndia’s preferred destination for foreign companies – China

Even China itself is now being forced to praise India. China’s official newspaper Global Times has said that India is becoming a big attraction for foreign companies. The newspaper has said in an article that the production at a lower cost is slowly withdrawing from China. The Modi government has implemented GST for the integration of the market. The article says that a major company like Foxconn with GST will go ahead with its promise of investing in India, the biggest economic recovery since independence.

यह भी देखे
https://youtu.be/Uzs16fYnw1k

https://youtu.be/VxtYK7YXsQ8

SOURCE POLITICAL REPORT

मोदी सरकार ने किया ये जबरदस्त ऐलान,भारतीय सेना को मिला सबसे बड़ी ताकत जिसे देख चीन समेत अमेरिका तक रहा गया दंग

नई दिल्ली : रक्षा मंत्रालय ने सोमवार को सेना के जवानों के लिए 1.86 लाख बुलेट प्रूफ का ऑर्डर दिया है. इसके लिए भारतीय सेना 639 करोड़ रुपये खर्च करेगी. इसके साथ ही पिछले 9 सालों से चला आ रहा सेना का लंबा इंतजार खत्म होता दिख रहा है. सीमा पर तैनात जवानों और आतंकियों के खिलाफ अभियान में शामिल होने वाले जवानों को ये बुलेटप्रूफ जैकेट दिए जाएंगे.

New Delhi: The Ministry of Defense has ordered 1.86 lakh bullet proof orders for the army personnel on Monday. For this, the Indian Army will spend Rs. 639 crores. Along with this, the long wait of the army, which has been running from last 9 years, seems to have ended. These bulletproof jackets will be given to the jawans who are involved in the campaign against the soldiers and terrorists stationed on the border.

16 अक्टूबर 2009 को रक्षा मंत्रालय ने सेना के जवानों के लिए एक लाख 86 हजार एक सौ अड़तीस बुलेट प्रूफ जैकेट खरीदने को लेकर अपनी स्वीकृति दी थी, लेकिन कई अन्य कारणों से आर्मी इन बुलेट प्रूफ जैकेट्स को हासिल नहीं कर पाई. यही नहीं 2015 में टीबीआरएल चंडीगढ़ में किया गया इन जैकेट्स का ट्रायल भी फेल रहा. इसके बाद इमरजेंसी में 2016 में 50 हजार जैकेट्स मंगाए गए, जिनकी डिलीवरी पिछले साल पूरी हुई है.

On October 16, 2009, the Ministry of Defense gave its approval for procuring one lakh 86 thousand one hundred thirty eight bullet proof jackets for the troops, but for many other reasons the army could not achieve these bullet proof jackets. Not only this, the trials of these jackets made in TBRL Chandigarh in 2015 have also failed. After this, in the emergency, 50,000 jackets were invented in 2016, whose delivery was completed last year.

नए बुलेट प्रूफ जैकेट्स का निर्माण रक्षा उपकरण मैन्युफैक्चरर एसएमपीपी प्राइवेट लिमिटेड करेगी, जिसके सैंपल टीबीआरएल चंडीगढ़ में ट्रायल के दौरान सही पाए गए हैं. एसएमपीपी ने दो टॉप बुलेट प्रूफ मैन्युफैक्चर्स को पछाड़ा है.

The construction of new bullet proof jackets will be made by Defense Equipment Manufacturer SMPP Pvt Ltd whose samples were found correct during Trial in Chandigarh. SMPP has overtaken the two top bullet-proof manufacturing capacities.

ये बुलेट प्रूफ जैकेट्स जवानों को 360 डिग्री की सुरक्षा प्रदान करते हैं. साथ ही गले और ग्रोइन को भी सुरक्षा कवर प्रदान करते हैं. हर जैकेट में बैलिस्टिक फैब्रिक होती है, जिसमें बोरॉन कार्बाइड सेरॉमिक प्लेट लगी होती है. हर जैकेट का वजन लगभग 10 किलोग्राम होता है और यह लेवल थ्री प्लस की सुरक्षा उपलब्ध कराती है. यह जैकेट 7.62 गुणा 51 के हथियारों से निकले फायर को सीधे रोक सकती है. साथ ही 5.56 गुणा 45 इंसास और 7.62 गुणा 39 एमएम एके-47 के स्टील कोर बुलेट्स को भी रोक सकती है.

These bullet proof jackets provide 360 ​​degree protection to the jawans. As well as providing protection cover to Neck and Groin. Each jacket has a ballistic fabric, with a boron carbide ceramic plate attached. Each jacket weighs around 10 kilograms and provides level 3 protection protection. This jacket can stop the fire from 7.62 times 51 weapons directly. Also 5.56 times 45 ISSAS and 7.62 times 39 mm AK-47 steel core bullets can also be stopped.

एसएमपीपी के सीएमडी एससी कंसल ने कहा, ‘बोरॉन कार्बाइड सेरॉमिक प्लेट जो हम प्रयोग करते हैं, वो अपनी तरह का सबसे हल्का मैटेरियल है, जो बैलिस्टिक प्रोटेक्शन में काम आता है.’ उन्होंने कहा कि इसकी वजह से हमारा बीपी जैकेट्स सबसे कम वजन में बेस्ट क्लास का बैलिस्टिक प्रोटेक्शन उपलब्ध कराता है.

CMPP CMD SC Council said, “The Boron carbide ceramic plate which we use is the lightest material of its kind, which is used in ballistic protection.” He said that due to this our BP jackets have the lowest weight Best class provides ballistic protection.

दशकों का इंतजार खत्म! भारतीय सेना को मिलेगी 360 डिग्री सुरक्षा, मोदी सरकार ने किया ये शानदार ऐलान..

Awaiting decades! Indian Army will get 360-degree security, Modi government has done this magnificent announcement ..

एसएमपीपी के एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर आशीष कंसल ने कहा कि हमारी फर्म दुनिया की उन पांच फर्मों में से एक है, जो सेरॉमिक बनाती हैं. यह सबसे हल्का और मजबूत पदार्थ है, जो बुलेट को रोक सकता है.

SMPP Executive Director Ashish Kansal said that our firm is one of the five firms in the world who make ceramics. It is the lightest and strongest substance that can stop the bullet.

एसएमपीपी अगले कुछ महीनों में ही जैकेट्स की डिलिवरी शुरू कर देगी और तीन साल के भीतर इस ऑर्डर को पूरा करेगी. एसएमपीपी के सीएमडी डॉक्टर एससी कंसल ने एक रिलीज में कहा कि नए जैकेट्स भारतीय आर्मी के जीएसक्यूआर 1438 मानक वाले होंगे.

The SMPP will start delivery of jackets in the next few months and will complete this order within three years. SMPP CMD Dr. SC Concil said in a release that the new jackets will be the GSQR 1438 standard of the Indian Army.

हालांकि आर्मी को कम से कम 3,53,465 बुलेट प्रूफ जैकेट्स की जरूरत है, रक्षा मंत्रालय के नए ऑर्डर से आर्मी की कुछ जरूरतें तो पूरी होंगी.
Although the Army needs at least 3,53,465 bullet proof jackets, the new order of the Ministry of Defense will meet some requirements of the Army.

यह भी देखे
https://youtu.be/Uzs16fYnw1k
https://youtu.be/VxtYK7YXsQ8
source political report

ब्रेकिंग! भारतीय सेना ने दिखाया अपना रौद्र रूप, किया ऐसा हमला कि पाक फ़ौज में मची चीख-पुकार

जहाँ एक ओर भारत-चीन के बीच जबरदस्त तनाव चल रहा है, वहीँ पाकिस्तान भी अपनी नापाक हरकतों से बाज नहीं आ रह है. बुद्धवार को पाकिस्तान ने ऐसी नीच हरकत कर डाली, जिसके बाद भारतीय सेना ने आपा खोते हुए पाकिस्तानी फ़ौज पर भयानक हमला बोल दिया, जिसमे पाकिस्तान का काफी नुक्सान होने की खबर है.

While there is tremendous tension between India and China, Pakistan itself is not even aware of its impractical movements. On Wednesday, Pakistan had made such a negative move, after which the Indian Army had a terrible attack on the Pakistani army losing its temper, in which there was a lot of loss to Pakistan.

पाक फ़ौज को कारगिल की दिलाई याद!
दरअसल बुधवार को पाकिस्तानी फ़ौज ने जम्मू-कश्मीर के पुंछ सेक्टर में सीजफायर का उल्लंघन करते हुए भारी गोलीबारी और मोर्टार से हमला कर दिया. जिसके बाद भारतीय सेना ने पाक फ़ौज पर ऐसा भीषण हमला किया, जैसा कारगिल युद्ध के बाद आजतक नहीं किया था.

Remembering Kargil’s handling of Pak army!
In fact, on Wednesday, Pakistani troops violated the siegefire in Poonch sector of Jammu and Kashmir and attacked with heavy firing and mortars. After that the Indian army did such a fierce attack on the Pak army, as Kargil did not do it after the war.

गुस्से में थी कि पाक फ़ौज से जुडी जो भी चीज सामने दिखी, उसे ही उड़ा दिया गया. पीओके में मेढ़र सेक्टर में भारतीय सेना ने कई पाक बंकरों को तबाह करते हुए सामने दिखने वाले पाक सैन्य वाहनों को भी उड़ा दिया. ऐसा भीषण हमला जिसे देख पाक फ़ौज में हड़कंप मच गया और अपने साथियों को मारे जाते देख पाक फ़ौज के सैनिक अपनी-अपनी जान बचाकर युद्ध मैदान से एक बार फिर भाग खड़े हुए.

Anything related to the Pak army was fired, it was blown away. In the PoK, the Indian Army in the Mercury Sector also blown up Pak Pakshi vehicles which were seen in front of the devastating many Pak bunkers. Seeing such a fierce attack that saw the Pak army rushing and killing their comrades, the Pak army soldiers managed to save their lives once again from the battlefield.

स्कूलों पर शैलिंग!
दरअसल पाकिस्तान की फ़ौज हर बार भारतीय नागरिकों को निशाना बनाकर हमला करती है लेकिन इस बार तो नीचता की सभी हदें पार करते हुए पाक फ़ौज ने बच्चों के स्कूलों को भी निशाना बनाया. स्थानीय प्रशासन के मुताबिक पाक फ़ौज ने 25 स्कूलों पर मोर्टार से हमला किया. बताया जा रहा है कि स्कूल परिसर में मोर्टार आकर गिरे.

Schools Shale!
Indeed, Pakistan’s army attacks every time by targeting Indian nationals, but this time, crossing all the limits of meanness, the Pak army also targeted children’s schools. According to the local administration, the Pak army attacked the 25 schools with mortar. It is being told that mortar has fallen in the school premises.

पाक फ़ौज की इस नीचता पूर्ण हरकत को देखते हुए सभी प्रभावित स्कूलों को बंद कर दिया गया है. पुंछ के जिला विकास कमिश्नर ने बताया कि सुरक्षा के मद्देनज़र स्कूल बंद कर दिए गए हैं. उन्होंने बताया कि यदि जरुरत पड़ी तो इलाके के अन्य स्कूलों को बंद करने के निर्देश भी दिए जा सकते हैं.

All affected schools have been closed in view of this malafide failure of the Pak army. Poonch district development commissioner said that schools have been closed in view of security. He told that if necessary, instructions for closure of other schools in the area can also be given.

मंगलवार को नौशेरा में की थी फायरिंग!
बता दें कि मंगलवार को पाक फ़ौज ने एलओसी पर नौशेरा सेक्टर में मोर्टार से हमला किया था. जिसके कारण इलाके के 9 स्कूलों में लगभग 200 बच्चे और स्कूल स्टाफ के सदस्य स्कूलों में फंस गए थे. सभी बच्चे पूरा दिन स्कूलों में फंसे रहे. जिसके बाद सेना ने बुलेट प्रूफ वाहनों की मदद से उनकी जान बचाते हुए उन्हें सुरक्षित स्थानों पर ले गए. सेना के अलर्ट रहने और सही वक़्त पर एक्शन लेने के कारण किसी भी बच्चे की जान नहीं गयी.

Nowshera firing was done on Tuesday!
Let us know that on Tuesday the Pak army had attacked the LoC with mortar in Naushra sector. Due to which around 200 children and school staff members were stuck in schools in 9 schools of the area. All children are stuck in school all day long. After which the army took them to safer places while saving their lives with the help of bullet-proof vehicles. No child was killed due to the army’s alert and taking action on the right time.

वहीं नौगाम सेक्टर में पाकिस्तान फ़ौज की गोलीबारी में भारतीय सेना के एक जवान की जान चली गयी थी. जिसके बाद सेना ने आपा खोते हुए पाकिस्तान फ़ौज को बारूद से नहला दिया. गौरतलब है कि अभी कुछ ही वक़्त पहले पाकिस्तान में भी स्कूल पर आतंकियों ने हमला किया था, जिसमे कई बच्चों व् अध्यापकों की जान चली गयी थी. इस घटना पर पाकिस्तान ने काफी बवाल मचाया था और भारत में भी इस घटना का विरोध किया गया था.

At the same time, the firing of a Pakistani soldier in the navigat sector was lost. After that, the army gave up the Pakistan Army with gunpowder while losing its temper. It is worth noting that at least a few days ago, in Pakistan, the school was attacked by terrorists, in which many children and teachers died. Pakistan had played a great deal on this incident and in India too the incident was opposed.

जिसके बाद पाक फ़ौज ने जिम्मेदार आतंकियों पर हवाई हमले करके उन्हें मार गिराया था. आज उसी पाकिस्तान को भारतीय बच्चों पर हमला करते शर्म नहीं आयी. इस नीचता का जो भी सबक उन्हें सिखाया जाए वो ही कम है.

After that, the Pak army had attacked and assaulted the responsible terrorists by attacking them. Today, the same Pakistan has not come ashamed to attack Indian children. The lesson that this lesson can be taught to them is very less.

यह भी देखे

https://youtu.be/k87GwTUEGuQ

https://youtu.be/hsfxfSRtdUs

SOURCE NAME POLITICAL REPORT

ब्रेकिंग : गुस्से में आये सेना के जवानों ने किया रौद्र रूप धारण, कर डाला ऐसा जबरदस्त कांड, पाक समेत चीन में आया भूचाल…

नई दिल्ली : जहाँ एक ओर भारत-चीन के बीच जबरदस्त तनाव चल रहा है, वहीँ पाकिस्तान भी अपनी नापाक हरकतों से बाज नहीं आ रह है. बुद्धवार को पाकिस्तान ने ऐसी नीच हरकत कर डाली, जिसके बाद भारतीय सेना ने आपा खोते हुए पाकिस्तानी फ़ौज पर भयानक हमला बोल दिया, जिसमे पाकिस्तान का काफी नुक्सान होने की खबर है.

New Delhi: While there is tremendous tension between India and China, Pakistan too is not able to see its impractical movements. On Wednesday, Pakistan had made such a negative move, after which the Indian Army had a terrible attack on the Pakistani army losing its temper, in which there was a lot of loss of Pakistan.

पाक फ़ौज को कारगिल की दिलाई याद
दरअसल बुधवार को पाकिस्तानी फ़ौज ने जम्मू-कश्मीर के पुंछ सेक्टर में सीजफायर का उल्लंघन करते हुए भारी गोलीबारी और मोर्टार से हमला कर दिया. जिसके बाद भारतीय सेना ने पाक फ़ौज पर ऐसा भीषण हमला किया, जैसा कारगिल युद्ध के बाद आजतक नहीं किया था.

Kargil remembers Pak army
In fact, on Wednesday, Pakistani troops violated the siegefire in Poonch sector of Jammu and Kashmir and attacked with heavy firing and mortars. After that the Indian army did such a fierce attack on the Pak army, as Kargil did not do it after the war.

गुस्से में थी कि पाक फ़ौज से जुडी जो भी चीज सामने दिखी, उसे ही उड़ा दिया गया. पीओके में मेढ़र सेक्टर में भारतीय सेना ने कई पाक बंकरों को तबाह करते हुए सामने दिखने वाले पाक सैन्य वाहनों को भी उड़ा दिया. ऐसा भीषण हमला जिसे देख पाक फ़ौज में हड़कंप मच गया और अपने साथियों को मारे जाते देख पाक फ़ौज के सैनिक अपनी-अपनी जान बचाकर युद्ध मैदान से एक बार फिर भाग खड़े हुए.

Anything related to the Pak army was fired, it was blown away. In the PoK, the Indian Army in the Mercury Sector also blown up Pak Pakshi vehicles which were seen in front of the devastating many Pak bunkers. Seeing such a fierce attack that saw the Pak army rushing and killing their comrades, the Pak army soldiers managed to save their lives once again from the battlefield.

स्कूलों पर शैलिंग
दरअसल पाकिस्तान की फ़ौज हर बार भारतीय नागरिकों को निशाना बनाकर हमला करती है लेकिन इस बार तो नीचता की सभी हदें पार करते हुए पाक फ़ौज ने बच्चों के स्कूलों को भी निशाना बनाया. स्थानीय प्रशासन के मुताबिक पाक फ़ौज ने 25 स्कूलों पर मोर्टार से हमला किया. बताया जा रहा है कि स्कूल परिसर में मोर्टार आकर गिरे.

Schools on shoring
Indeed, Pakistan’s army attacks every time by targeting Indian nationals, but this time, crossing all the limits of meanness, the Pak army also targeted children’s schools. According to the local administration, the Pak army attacked the 25 schools with mortar. It is being told that mortar has fallen in the school premises.

पाक फ़ौज की इस नीचता पूर्ण हरकत को देखते हुए सभी प्रभावित स्कूलों को बंद कर दिया गया है. पुंछ के जिला विकास कमिश्नर ने बताया कि सुरक्षा के मद्देनज़र स्कूल बंद कर दिए गए हैं. उन्होंने बताया कि यदि जरुरत पड़ी तो इलाके के अन्य स्कूलों को बंद करने के निर्देश भी दिए जा सकते हैं.

All affected schools have been closed in view of this malafide failure of the Pak army. Poonch district development commissioner said that schools have been closed in view of security. He told that if necessary, instructions may be given to close other schools in the area.

मंगलवार को नौशेरा में की थी फायरिंग
बता दें कि मंगलवार को पाक फ़ौज ने एलओसी पर नौशेरा सेक्टर में मोर्टार से हमला किया था. जिसके कारण इलाके के 9 स्कूलों में लगभग 200 बच्चे और स्कूल स्टाफ के सदस्य स्कूलों में फंस गए थे. सभी बच्चे पूरा दिन स्कूलों में फंसे रहे. जिसके बाद सेना ने बुलेट प्रूफ वाहनों की मदद से उनकी जान बचाते हुए उन्हें सुरक्षित स्थानों पर ले गए. सेना के अलर्ट रहने और सही वक़्त पर एक्शन लेने के कारण किसी भी बच्चे की जान नहीं गयी.

Firing was done in Nowshera on Tuesday.
Let us know that on Tuesday the Pak army had attacked the LoC with mortar in Naushra sector. Due to which around 200 children and school staff members were stuck in schools in 9 schools of the area. All children are stuck in school all day long. After which the army took them to safer places while saving their lives with the help of bullet-proof vehicles. No child was killed due to the army’s alert and taking action on the right time.

वहीं नौगाम सेक्टर में पाकिस्तान फ़ौज की गोलीबारी में भारतीय सेना के एक जवान की जान चली गयी थी. जिसके बाद सेना ने आपा खोते हुए पाकिस्तान फ़ौज को बारूद से नहला दिया. गौरतलब है कि अभी कुछ ही वक़्त पहले पाकिस्तान में भी स्कूल पर आतंकियों ने हमला किया था, जिसमे कई बच्चों व् अध्यापकों की जान चली गयी थी. इस घटना पर पाकिस्तान ने काफी बवाल मचाया था और भारत में भी इस घटना का विरोध किया गया था.

At the same time, the firing of a Pakistani soldier in the navigat sector was lost. After that, the army gave up the Pakistan Army with gunpowder while losing its temper. It is worth noting that at least a few days ago, in Pakistan, the school was attacked by terrorists, in which many children and teachers died. Pakistan had played a great deal on this incident and in India too the incident was opposed.

जिसके बाद पाक फ़ौज ने जिम्मेदार आतंकियों पर हवाई हमले करके उन्हें मार गिराया था. आज उसी पाकिस्तान को भारतीय बच्चों पर हमला करते शर्म नहीं आयी. इस नीचता का जो भी सबक उन्हें सिखाया जाए वो ही कम है.

After that, the Pak army had attacked and assaulted the responsible terrorists by attacking them. Today, the same Pakistan has not come ashamed to attack Indian children. The lesson that this lesson can be taught to them is very less.

यह भी देखे

https://youtu.be/k87GwTUEGuQ

https://youtu.be/hsfxfSRtdUs

फ्रांस के साथ मिलकर पीएम मोदी ने लिया ऐसा जबरदस्त फैसला, चारों और से घेर लिया चीन को, बिलबिला उठा जिनपिंग

नई दिल्ली (11 मार्च) : अभी हाल ही में पीएम मोदी ने अपने अबू धाबी की यात्रा के दौरान अबू धाबी ऑयल फील्ड में 10 प्रतिशत हिस्सा खरीदा. जिसके बाद अबू धाबी ने भारत में कच्चे तेल को स्टोर करने का फैसला भी लिया, जिसका उपयोग भारत आपातकाल के दौरान कर सकेगा. अब फ्रांस के राष्ट्रपति के साथ भी पीएम मोदी ने एक बेहद शानदार फैसला लिया है.

New Delhi (March 11): Recently, PM Modi bought 10 percent stake in Abu Dhabi oil field during his Abu Dhabi visit. After that, Abu Dhabi also decided to store crude oil in India, which India will use during the Emergency. Now with the President of France, PM Modi has taken a very wonderful decision.

चीन के खिलाफ भारत-फ्रांस का मास्टरस्ट्रोक
फ्रांस के राष्ट्रपति भारत के दौरे पर हैं, इस दौरान शनिवार को भारत और फ्रांस के बीच शिक्षा, क्लीन एनर्जी (सोलर) और रक्षा में सहयोग बढ़ाने जैसे 14 समझौते हुए. सबसे ख़ास समझौता ये हुआ है कि मैरीटाइम अवेयरनेस के तहत भारत और फ्रांस अब एक दूसरे के नेवल बेस (नौसैनिक अड्डों) को वाॅरशिप्स रखने और नेविगेशन (आने-जाने) के लिए इस्तेमाल कर सकेंगे.

India-France masterstroke against China
France’s President is on a visit to India, during which there were 14 agreements on Saturday between India and France, enhancing cooperation in education, clean energy (solar) and defense. The most specific agreement is that under Maritime Awareness, India and France will now be able to use each other’s naval base (for naval bases) for the possession of warships and for navigation.

इसे पीएम मोदी का एक मास्टर स्ट्रोक माना जा रहा है और आज से पहले ऐसा कभी नहीं हुआ था. इस एक फैसले से पीएम मोदी ने चीन को जबरदस्त झटका दिया है. बता दें कि चीन अपनी ‘वन बेल्ट वन रोड’ पॉलिसी के तहत हिंद महासागर में अपनी गतिविधियां बढ़ा रहा है. इससे भारत समेत दुनिया के ज्यादातर देशों में चीन के बढ़ते दबदबे को लेकर चिंता है.

It is believed to be a master stroke of PM Modi and it has never happened before today. With this decision, PM Modi has given a tremendous blow to China. Explain that China is increasing its activities in the Indian Ocean under its ‘One Belt One Road’ policy. With this, there is concern about China’s growing clutches in most countries of the world including China.

चीन से परेशान है फ्रांस
चीन अपनी वन बेल्ट वन रोड पॉलिसी के तहत एशिया और अफ्रीका के कई देशों में अपने मिलिट्री की मौजूदगी बढ़ा रहा है. इससे फ्रांस समेत कई यूरोपीय देशों की चिंता बढ़ी है. हाल ही में चीन ने अफ्रीकी देश जिबूती में भी अपना नेवल बेस बनाया है.

France is upset with China
China is expanding its military presence in many countries of Asia and Africa under its One Belt One Road Policy. This has increased the concern of many European countries including France. China has recently built its naval base in the African country of Djibouti.

हिंद महासागर में स्थित रीयूनियन आइलैंड फ्रांस के लिए अहम क्षेत्र है. साथ ही पैसिफिक ओशियन में चीन की बढ़ती गतिविधियां फ्रांस की परेशानी की बड़ी वजह हैं. भारत के कई इलाकों पर भी चीन की नापाक नज़र है और चीन उनपर कब्जा जमाने की फिराक में रहता है.

The Reunion Island in the Indian Ocean is an important area for France. Also, China’s growing activities in the Pacific Ocean are a major reason for France’s problems. In many areas of India, there is also a negligible sight of China and China remains in the forefront of occupying them.

मोदी की कूटनीति से चीन की हालत खराब
ऐसे में फ्रांस के साथ नौसैनिक अड्डों को लेकर हुए इस समझौते से पीएम मोदी ने चीन को सीधे टक्कर दी है. भारत और फ्रांस के संयुक्त फैसलों में इसे खास तौर पर ध्यान में रखा गया है. हिंद महासागर में चीन के विरुद्ध दोनों देश एक दूसरे के युद्धपोतों के लिए नेवल बेस खोलेंगे.

China’s condition worsens Modi’s diplomacy
In such a way that the PM Modi has directly beaten China with this agreement relating to naval bases with France. It is specially taken into consideration in the joint decisions of India and France. Against China in the Indian Ocean, both countries will open naval bases for each other’s warships.

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शुक्रवार को एक इंटरव्यू में कहा था कि फ्रांस के पास ताकतवर समुद्री सेना और न्यूक्लियर सबमरीन्स हैं. फ्रांस इस क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर बेहद सक्रिय है और यहां स्थिरता को लेकर भारत हमारा अहम सुरक्षा साझेदार है.

France’s President Immanuel Macroon said in an interview on Friday that France has powerful military and nuclear submarines. France is very active in the security of this region and here India is an important security partner for sustainability.

ओमान के कुदम पोर्ट तक भारत की सैन्य पहुंच
ओमान के दौरे के दौरान भी पीएम मोदी ने चीन को घेरने के लिए मास्टर स्ट्रोक चला था, जिसके तहत ओमान के दुकम पोर्ट का इस्तेमाल भारत अपनी सैन्य गतिविधियों एवं लॉजिस्टिक सपोर्ट के लिए कर सकेगा. इस पोर्ट से भारत इलाके में चीने के प्रभाव एवं गतिविधियों पर नजर रखने के साथ उसे चुनौती देने में सक्षम होगा.

Military access to India from Oudh’s Kudam Port
Even during the visit of Oman, PM Modi had used a master stroke to circumvent China, under which Oman’s Dakam port could be used by India for its military activities and logistic support. This port will enable India to keep an eye on the effects and activities of Cheena in the area and will be able to challenge it.

अब फ्रांस के साथ भी ऐसा शानदार समझौता करके पीएम मोदी ने चीन की समुद्री ताकत को कमजोर कर दिया है. इस फैसले से भारत और फ्रांस दोनों का ही फायदा है. वहीँ चीन की ताकत घटेगी और चीन काबू में रहेगा.

Now, with such a splendid agreement with France, PM Modi has weakened China’s maritime power. This decision has the advantage of both India and France. China’s strength will decrease and China will remain in control.

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https://youtu.be/1YmeDP0wOXs

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