बड़ी खबर: इजराइल के हाहाकारी फैंसले से मुस्लिमों में छाया मातम.. पाक हुआ सदमे में

पिछले दिनों भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का इजराइल दौरा बहुत सुर्खियों में था और कहा जा रहा था कि इजराइल से केवल आधुनिक हथियारों के लिए डील हुई है अपितु इजराइल के साथ रक्षा और खुफिया विभाग में भी अहम दरतावेज़ों और नए प्रोजेक्ट्स पर काम करने के लिए सन्धियाँ हुई हैं लेकिन अब इजराइल से एक ऐसी खबर आ रही है जिससे भारत के कई मुस्लिम सकते में आ सकते हैं।

In the past, India’s Prime Minister Narendra Modi’s visit to Israel was in great headlines and it was being said that Israel has only been dealing with modern weapons, but to work with Israel on important documents and new projects in defense and intelligence. There have been treaties, but now there is a news from Israel that many Muslims of India can come in.

हालांकि यह उनपर सीधा असर नहीं डालेगा लेकिम वो इमाम या मुस्लिम धर्मगुरु जो राजनीति की ठेकेदारी चलाते हैं उनके लिए एक मुद्दा तैयार हो राह है जिसको वो ऊनी सहूलियत के हिसाब से इस्तेमाल करेंगे।खबर है कि इज़राइल ने एक बेहद ही सनसनीखेज़ कदम उठाया है। इजरायल के दैनिक अख़बार हराजात ने गत शुक्रवार को ये बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि इजरायल ने हजारों अरबों ( मुस्लिमों) की नागरिकता को रद्द करना शुरू कर दिया है और उसका इरादा उनको देश से निकालने का है।

Although this will not directly affect them, an issue for them, whether they are the Imam or the Muslim cleric who runs the contract of politics, will be ready for the winnability of the people. The report is that Israel has taken a very sensational step. The Israeli daily newspaper Harassment said on Friday that Israel has started canceling citizenship of thousands of Arabs (Muslims) and his intention is to remove them from the country.

इजरायल के अधिकारियों ने पिछले दो वर्षों में दक्षिणी नेवेज क्षेत्र में हजारों – इजरायली अरबों की नागरिकता को रद्द कर दिया है. इजरायल के गृह मंत्रालय ने इन अरबों की नागरिकता से लेकर निवास तक को बदल दिया है । उधर रिपोर्ट आने के बाद खलबली मच गयी है और इज़राइल के अरबों समेत पूरे मुस्लिम देशों में चिंता की लहर दौड़ गयी है। दूसरी तरफ़ इस रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया करते हुए नेनेसेट (इजरायल की संसद) के एक अरब सदस्य तालाब अबू अरर ने मांग की है कि चाहे कुछ भी हो लेकिन मंत्रालय को इस कदम को वापस लेना ही होगा और अरबों के साथ ये नहीं किया जा सकता।सूत्रों का कहना है कि जब इजरायल के अरब निवासियों ने अपना राष्ट्रीय पहचान पत्र या पासपोर्ट नवीनीकृत करने के लिए आवेदन किया तब बेर्शेबा (नेवेज के सबसे बड़े शहर) में मंत्रालय के कार्यालय द्वारा नागरिकता छिनने की जानकारी मिली और वे दंग रह गए ,

Israeli officials have canceled the citizenship of thousands of Israeli Arabs in the southern Nevez region over the past two years. The Israeli Interior Ministry has changed the citizenship of these billions from residence to residence. There has been a stir since the report has arrived and a wave of anxiety has raged across the Muslim countries, including the Arabs of Israel. On the other hand, responding to this report, one billion members of the Nenets (Israeli Parliament), Talab Abu Arar has demanded that whatever it may be, the ministry will have to take this step back and this can not be done with the Arabs. Sources say that when the Arabs of Israel applied to renew their national identity card or passport, then the ministry in Beersheba (the largest city of Negez) The information was found by the office of Citizenship and they were stunned,

यानी ये सब इतनी चालाकी और चुपके से किया गया कि मुस्लिमों को इसकी भनक तक नहीं लगी।इजराइल एक ऐसा देश रहा है जहां के नागरिकों को सदैव ही मुस्लिम देशों ने स्वीकार नहीं किया है और यदि कड़ा वह इजराइल पर हमले करते ही रहते हैं लेकिन 6 डेज वॉर के नाम से प्रचलित उस लड़ाई को कभी नहीं भूलते जब इजराइल ने एक साथ 6 मुस्लिम देशों को परास्त किया था और वो भी अपने दम पर।यह इजराइल की सफल कूटनीतिक चाल ही कहिये की अब अमेरिका भी यहूदियों और इजराइल के सम्मान करता है और वह भी इजराइल से पंगा लेने की कोशिश नहीं करता।

That is, all this was done with cleverly and secretly that the Muslims did not even know it. Israel has been a country where the citizens of the country have not always accepted the Muslim countries and if they are hard, they continue to attack Israel. 6 Do not forget that fight prevailing in the name of the War War when Israel had defeated 6 Muslim nations together and also on their own. Say this to Israel’s successful diplomatic tactics. Now America also honors Jews and Israel and does not even try to get rid of Israel.

इजराइल की यही कुछ खूबियाँ हैं जिसके कारण भारत के 15वे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने देश के हित को ध्यान में रखते हुए इजराइल से हाथ मिलाया हैम यरः कहने वाले तो यह भी कह रहे हैं कि रॉ और मोसाद ने एक साथ पाकिस्तान पर काम करना शुरू कर दिया है और अगले कुछ सालों में इजराइल और भारत मिलकर कुछ इतना बड़ा करने जा रहे हैं जो पूरे विश्व सहित अमेरिका की भी आंखें चोंधियाँ देगा, आप बस प्रतीक्षा कीजिये उस पावन क्षण का

This is Israel’s only specialty, due to which India’s 15th Prime Minister Shri Narendra Modi has joined hands with Israel in view of the country’s interest. Hmmm: Those who are saying are also saying that RAW and MOSAD started working together on Pakistan. And in the next few years, Israel and India are going to make something big enough that the eyes of the world, including the whole world, will give flocks, you just wait It’s that holy moment