जवानो के खातिर पीएम मोदी ने जबरदस्त फैसला,जिसे देख पूरे विपक्ष में भूचाल

यानी कि अगर मोदी सरकार नहीं आती तो ना जाने और कितने वर्ष वही पुराने जेट और हथियार सेना को घिसने पड़ते. ये बेहद शर्म की बात है कि 2G ,कामनवेल्थ, कोयला इतने घोटाले हुए लेकिन सेना के लिए कभी कुछ नहीं किया गया.

लेकिन अब मोदी सरकार में एक के बाद एक सेना को ताक़तवर बनाने के फैसले लिए जा रहे हैं. मॉडर्न तोप, जेट, लड़ाकू चॉपर, S400 के बाद अब सेना की ताकत को और बढ़ाने के लिए, ब्रह्मोस और ARV सहित 3000 करोड़ रुपये की सैन्य खरीद को मंजूरी दे दी गयी है.

अभी मिल रही बड़ी खबर के मुताबिक रक्षा मंत्रालय ने शनिवार को नौसेना के दो स्टेल्थ फ्रिगेट (रडार की नजर में पकड़ नहीं आने वाले युद्धपोतों) के लिए ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइलें और सेना के मुख्य युद्धक टैंक ‘अर्जुन’ के लिए बख्तरबंद रिकवरी वाहन सहित 3,000 करोड़ रुपये मूल्य की सैन्य खरीद को मंजूरी दी. एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी.

सेना के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दोनों खरीद के लिए रक्षा अधिग्रहण परिषद (डीएसी) से अनुमति मिली. डीएसी रक्षा खरीद को लेकर निर्णय लेने वाली रक्षा मंत्रालय की शीर्ष संस्था है.

उन्होंने कहा,‘रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में डीएसी ने करीब 3,000 करोड़ रुपये के रक्षा उपकरणों की खरीद के लिये मंजूरी दी.’ भारत एक अरब डॉलर की कीमत के दो स्टेल्थ फ्रिगेट खरीद रहा है और दोनों जहाज स्वदेश निर्मित ब्रह्मोस मिसाइलों से लैस होंगे.

अधिकारी ने बताया,‘देश में निर्मित ब्रह्मोस मिसाइल एक जांची-परखी और प्रमाणिक सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल है और इसे इन जहाजों पर प्राथमिक हथियार के तौर पर रखा जायेगा.’

अधिकारी ने बताया कि डीएसी ने भारतीय सेना के मुख्य युद्धक टैंक ‘अर्जुन’ के लिए बख्तरबंद रिकवरी वाहन (एआरवी) की खरीद की भी स्वीकृति दी. एआरवी का डिजाइन और विकास डीआरडीओ ने किया है और इसका निर्माण रक्षा क्षेत्र की सार्वजनिक कंपनी बीईएमएल करेगी.
SOURCE DD BHARTI
URL:WWW.BHARTI.IN

कांग्रेस के मंत्री ने ही सिद्धू की साजिश को लेकर किया जबरदस्त खुलासा,अमरिंदर सिंह की खिलाफ बगावत को देख राहुल गाँधी समेत कांग्रेसी खेमे में खलबली

नई दिल्ली : सिद्धू का करतारपुर कॉरिडोर के लिए पाकिस्तान जाना और वहां जा कर मीडिया के सामने राफेल डील का मज़ाक उड़ाने और फिर खालिस्तानियों से हाथ मिलाने फोटो खिचवाने का विवाद अब घमसान का रूप ले रहा है. कांग्रेस आपस में ही भिड़ने लगी है. सिद्धू अपने ही सीएम अमरिंदर सिंह के खिलाफ बयान देने लगे हैं.

सिद्धू की पत्नी ने भी दिखाई बगावत
पहले सिद्धू ने बयान दिया कि वे राहुल गाँधी के कहने पर पाकिस्तान गए थे उसके बाद वे अपने बयान से पलट गए. इसके बाद उन्होंने कहा अमरिन्दर सिंह सिर्फ सेना के कप्तान हैं मेरे असली कप्तान तो राहुल हैं. यही नहीं अब सिद्धू की पत्नी ने भी सीएम अमरिंदर के खिलाफ बागवती सुर दिखाते हुए कहा है कि हम सिर्फ राहुल के सिपाही हैं. इसके बाद कई कांग्रेस मंत्रियों ने सिद्धू से इस्तीफा माँगा, तो वहीँ अब खुद कांग्रेस के मंत्री ने सिद्धू की अलग ही साज़िश को लेकर बड़ा खुलासा किया है.

rahul

कांग्रेस मंत्री का सिद्धू को लेकर बड़ा खुलासा
अभी मिल रही बड़ी खबर के मुताबिक पंजाब सरकार के खेल मंत्री राणा गुरमीत ने मंत्रिमंडल के सदस्य नवजोत सिंह सिद्धू को लेकर बहुत बड़ा खुलासा किया है. राणा ने आरोप लगाया है कि सिद्धू पिछले दो-तीन दिनों से जिस तरह की सीएम अमरिंदर के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं, उससे संकेत मिल रहे हैं कि वह पंजाब में तख्तापलट करना चाहते हैं.

पंजाब का मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं
उन्होंने आरोप लगाया कि वह मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को कुर्सी से हटाकर खुद इस पद पर बैठना चाहते हैं. यानी की सिद्धू खुद पंजाब का मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं इसीलिए आज कल राहुल गाँधी की सबसे ज़्यादा ‘जय जय कार’ कर रहे हैं. यही नहीं इस वक़्त पंजाब कांग्रेस का हर मंत्री सिद्धू के खिलाफ खड़ा हो गया है और उनसे इस्तीफा मांगने लग रहा है.

congress

अपने ही मुख्यमंत्री की बेइज्जती कर रहे हैं
सिद्धू ने हाल ही में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को अपना ‘कैप्टन’ बताया था. उनके इस बयान को लेकर अब उन्हीं की पार्टी के मंत्री नाराज दिखाई दे रहे हैं. जहां एक तरफ सिद्धू के इस बयान का पंजाब के कई मंत्री विरोध कर रहे हैं. वहीं दूसरी तरफ बीजेपी की नेता और केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने भी नवजोत सिंह सिद्धू पर हमला बोला है. स्मृति ईरानी ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि पंजाब के मंत्री अपने ही मुख्यमंत्री की बेइज्जती कर रहे हैं. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को इसका जवाब देना चाहिए.

ति ईरानी ने कहा, ‘ये कांग्रेस का मंत्री अपने ही प्रदेश के मुख्यमंत्री का सार्वजनिक अपमान क्यों करता है.. ये जवाब राहुल गांधी को देना होगा. कांग्रेस का एक नेता हिंदुस्तान से ज्यादा पाकिस्तान से प्रेम क्यों करता है. ये जवाब राहुल गांधी को देना होगा. ‘

उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए
इससे पहले नवजोत सिंह सिद्धू के ‘राहुल मेरे कैप्टन हैं’ वाले बयान पर पंजाब सरकार के मंत्री टीआर बाजवा ने कहा था कि ‘अगर सिद्धू कैप्टन साहब (अमरिंदर सिंह) को अपना कैप्टन नहीं मानते तो उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए.. राहुल गांधी हमारे भारत के कैप्टन हैं.. लेकिन पंजाब के कैप्टन अमरिंदर सिंह हैं. सिद्धू साहब एक एक्स्ट्रा ऑडिनरी इंसान हैं.. उनका अभी काफी लंबा भविष्य है.. उन्हें शब्दों का सही तरीके से चयन करना चाहिए.’

मंत्री राणा गुरमीत ने मीडिया से बातचीत में कहा कि सिद्धू कहते हैं कि उन्हें कांग्रेस के कैप्टन ने पाकिस्तान जाने को कहा था, लेकिन उन्हें मालूम होना चाहिए कि वह पंजाब सरकार के मंत्री हैं. ऐसे में उनके कैप्टन सीएम अमरिंदर सिंह हैं. अमरिंदर सिंह को कांग्रेस के अध्यक्ष राहुल गांधी ने अध्यक्ष बनाया है, वे उन्हीं की रजामंदी से मुख्यमंत्री बने हैं. ऐसे में सिद्धू का अमरिंदर सिंह को कैप्टन नहीं मानना उनकी मंशा को जाहिर करता है. सिद्धू को समझना चाहिए कि वे अभी भी अमरिंदर सिंह की मर्जी के चलते ही मंत्री हैं.

पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह के मना करने के बावजूद नवजोत सिंह सिद्धू करतारपुर कॉरिडोर की नींव रखने के लिए पाकिस्तान के बुलावे पर वहां गए थे. वहां से लौटने के बाद जब मीडियाकर्मियों ने उनसे इस बाबत पूछा तो सिद्धू ने कहा था कि वह कांग्रेस के कैप्टन राहुल गांधी की इजाजत पर पाकिस्तान गए थे. अमरिंदर सिंह की ओर से मना किए जाने के सवाल पर सिद्धू ने उन्हें अभिभावक बताते हुए कुछ भी बोलने से मना कर दिया था.

SOURCE DDBHARTI
URL:WWW.BHARTI.IN

अभी अभी : 500,000,000,000 के घोटाले में हुई बड़ी गिरफ़्तारी, माँ बेटे दहशत में खोज रहे छुपने का रास्ता |

नई दिल्ली : कांग्रेस ने देश में खरबों रुपये की लूट व् भ्रष्टाचार किये हैं, ये बात किसी से छिपी नहीं है. पीएम मोदी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जो मुहिम चलाई हुई है, उसमे आज एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. अब तक तो भ्रष्टाचारी कारोबारी ही शिकंजे में फंस रहे थे, मगर अब पहली बार कांग्रेस का एक करीबी धरा गया है. फर्ज़ी दस्तावेज के ज़रिये बैंकों को हज़ारों करोड़ रुपये का चूना लगाने के आरोप में प्रवर्तन निदेशालय, यानी ईडी ने गगन धवन नामक एक शख्स को गिरफ्तार किया है |

New Delhi : The Congress has done loot or corruption of trillions of rupees in the country, it is not hidden from anyone. In the campaign against PM Modi’s campaign, there has been a great success today. So far the corrupt businessmen were stuck in the clutches, but now for the first time the Congress has been a close hold. Enforcement Directorate, i.e. ED arrested a man named Gagan Dhawan, on charges of looting thousands of crores of rupees through fraudulent documents.

काले धन को सफेद करने के आरोप में कांग्रेस का करीबी गिरफ्तार…
गगन धवन को कांग्रेस नेताओं का करीबी बताया जाता है. गगन को पांच हज़ार करोड़ रुपये के एक घोटाले के सिलसिले में मनी लॉन्ड्रिन्ग एक्ट के तहत दिल्ली में गिरफ्तार किया गया. गगन धवन पर आरोप है कि इसने कई नौकरशाहों और नेताओं के काले धन को सफ़ेद बनाने का गोरखधंधा यानी मनी लॉन्ड्रिंग किया है |

Congress closest to charges of black money laundering …
Gagan Dhawan is said to be close to the Congress leaders. Gagan was arrested in Delhi under the Money Laundering Act in connection with a scam of five thousand crores. Gagan Dhawan is alleged to have lent the money to the white money of many bureaucrats and politicians, that is, money laundering.

जांच एजेंसियों को कई नौकरशाहों को लाखों रुपये का भुगतान किए जाने से जुड़े दस्तावेज़ भी मिले हैं, जिनमें IRS सुभाष चंद्रा को 30 लाख रुपये दिए जाने से जुड़ा दस्तावेज भी शामिल है. इसके अलावा IAS मानस शंकर रे को 40 लाख रुपये दिए जाने का दस्तावेज़ भी बरामद हुआ है. इस मामले में दिल्ली पुलिस के कई बड़े अधिकारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है |

Documents related to payment of millions of rupees to investigating agencies have also been received by many bureaucrats, including the documents related to the payment of Rs 30 lakh to IRS Subhash Chandra. Apart from this, a document of Rs 40 lakhs was also recovered from IAS Manas Shankar Ray. In this case, the role of many big police officers of Delhi Police is also being investigated.

500000000000 रुपये का है घोटाला…
कांग्रेस की सरपरस्ती में पल रहे और देश को लूट-लूट कर खोखला कर रहे ये नौकरशाह भी अब जल्द ही हिरासत में आएंगे और धीरे-धीरे इसमें शामिल कोंग्रेसी नेताओं के कच्चे-चिट्ठे खुलना भी अब तय माना जा रहा है. ज़रा सोचिये कि कांग्रेस खुद तो घपले करती ही थी, साथ ही आईएएस व् आईपीएस अफसर भी भ्रष्टाचार में लगे रहते थे. जिन्हे देश चलाने की जिम्मेदारी दी जाती है, वो ही देश की जनता के टैक्स के पैसों में घुन की तरह लगे हुए हैं |

500,000,000,000 rupees scam …
These bureaucrats, who are still in the custody of the Congress, who are being looted and looting the country, will soon come into custody and gradually opening up of the raw and political leaders of the Congress leaders involved in them is also being considered. Just think that the Congress itself would have been screwed, as well as the IAS and IPS officers were also engaged in corruption. Those who are given the responsibility of running the country, they are engaged in the income of the people of the country like the mite of tax.

कोंग्रेसी नेताओं के लिए बड़ी मुश्किल हुई खड़ी…
बहरहाल अब गगन धवन को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां उसे पूछताछ के लिए रिमांड पर दिए जाने की मांग की जाएगी. रिमांड में गगन धवन की अच्छी तरह से पूजा-आरती करके उससे सब सच उगलवाया जाएगा. नौकरशाहों समेत नेताओं तक के सारे राज्यों पर से पर्दाफ़ाश कराया जाएगा |

For the Congress leaders, it has been very difficult …
However, now Gagan Dhawan will be presented in Patiala House Court, where he will be demanded on the remand for questioning. In the remand, Gagan Dhawan’s well-worshiped rituals will be spared all the truth. All the bureaucrats including the leaders will be exposed on the states.

बता दें कि ईडी ने अगस्त में गगन धवन और दिल्ली के एक पूर्व विधायक के ठिकानों पर छापेमारी भी की थी और गगन धवन का नाम सीबीआई की संदेसारा ग्रुप की FIR में भी है. कांग्रेस के खिलाफ ये एक बड़ा एक्शन माना जा रहा है, इससे पूछताछ के आधार पर कई नौकरशाहों व् नेताओं की गिरफ्तारी भी हो सकती है |

Let me tell you that the ED had conducted raids on the premises of Gagan Dhawan and a former Delhi legislator in August and Gagan Dhawan’s name is also in the FIR in the CBI’s Saadasara Group. This is being considered as a major action against Congress, it may also arrest many bureaucrats and leaders on the basis of inquiry.

देखिये यह वीडियो!

source : ddbharti.in

अपने बयान से पलटे नवजोत सिंह सिद्धू, बोले- राहुल जी ने मुझे कभी पाकिस्तान जाने को नहीं कहा

नई दिल्ली : नवजोत सिंह सिद्धू का पाकिस्तान दौरे का विवाद और फिर वहां खालिस्तानियों से मिलने का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. कल ही सिद्धू ने एलान किया था कि उनके असली कप्तान राहुल गाँधी हैं और वे पाकिस्तान दौरे पर उन्ही के कहने पर गए थे साथ ही अमरिंदर सिंह सिर्फ सेना का कप्तान बताया था.

तो वहीँ अब चारों तरफ उनकी आलोचना होने लगी थी यही नहीं खुद कांग्रेस के नेता उनके पीछे हाथ धो के पड़ गए हैं. इस साबके के बीच आज नवजोत सिंह सिद्धू ने बड़ा यू टर्न मार लिया है.

अभी मिल रही बड़ी खबर के मुताबिक कांग्रेस नेता और पंजाब सरकार में मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू शनिवार को अपने उस बयान से पलट गए जिसमें उन्होंने शुक्रवार को कहा था कि करतारपुर साहिब कॉरिडोर के शिलान्यास कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए पाकिस्तान जाने को पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा था. अपने बयान से यू-टर्न लेते हुए सिद्धू ने शनिवार को कहा कि राहुल गांधी ने मुझे कभी पाकिस्तान जाने को नहीं कहा.

सिद्धू ने अपने बयान पर सफाई देते हुए ट्वीट किया, ‘तोड़-मरोड़ करने से पहले तथ्य को जान लें. राहुल गांधी जी ने मुझे कभी पाकिस्तान जाने को नहीं कहा. पूरी दुनिया जानती है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के व्यक्तिगत आमंत्रण पर मैं वहां गया था.’

पाकिस्‍तान में करतारपुर कॉरीडोर के शिलान्‍यास कार्यक्रम में शिरकत करके लौटे कांग्रेस नेता और पंजाब के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू पर उन्‍हीं की पार्टी के नेता उनके कपड़े फाड़ने लगे हैं. सिद्धू ने कार्यक्रम से लौटने के बाद कहा था ‘मेरे कैप्‍टन राहुल गांधी हैं, उन्‍हें जहां जरूरत लगी, मुझे भेजा.’ इस पर पंजाब के मंत्री तृप्‍त राजिंदर बाजवा ने सिद्धू से इस्‍तीफा मांगा है.

बाजवा ने शनिवार को कहा ‘अगर राहुल गांधी की बात है तो वह हम सबके कैप्‍टन हैं. पंजाब में हमारे कैप्‍टन अमरिंदर सिंह हैं. अगर सिद्धू साहब के मन में कोई आशंका है कि पंजाब के कैप्‍टन कैप्‍टन अमरिंदर सिंह नहीं हैं तो मेरे ख्‍याल से उनकी नैतिक जिम्‍मेदारी बनती है कि वह कैबिनेट से इस्‍तीफा दे दें. मैं सिद्धू साहब से अपील करना चाहूंगा बाकी मानना ना मानना उनका काम है. सिद्धू साहब आप स्‍पेशल व्‍यक्ति हो, आप पर रब की मेहर है.’

बाजवा ने आगे कहा ‘सिद्धू साहब आपको रब ने एक्‍स्‍ट्रा क्‍वालिटी दी है. मैं आपसे अपील करुंगा, आपके सपने बहुत बड़े हैं. रब करे आपके सपने पूरे हों. लेकिन जिस तरह से आप बिना सोचे-समझे बोले जा रहे हो, मेरा ख्‍याल है यह तेजी आपको कहीं पहुंचने नहीं देगा. अगर मेरी बात का बुरा लगे तो मुझे माफ कर देना. हमारे कैप्‍टन कैप्‍टन अमरिंदर सिंह है. हिंदुस्‍तान में हम सबके कैप्‍टन राहुल गांधी है.’

उन्‍होंने कहा ‘सिद्धू साहब को समझ नहीं आ रहा कि उन्‍हें क्‍या कहना है और क्‍या नहीं कहना है. उन्‍होंने कहा कि राहुल गांधी ने उन्‍हें पाकिस्‍तान भेजा है लेकिन आज वह उस बात से मुकर गए.’

बेंगलुरु में एक प्रेस कॉन्फेंस के दौरान सिद्धू ने कहा था कि उन्हें राहुल गांधी ने ही पाकिस्तान भेजा था. उन्होंने कहा, ‘मेरे कप्तान राहुल गांधी हैं, उन्होंने ही भेजा है हर जगह.’ सिद्धू ने कहा कि पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने मुझे पाकिस्तान जाने से मना किया था. लेकिन करीब 20 कांग्रेसी नेताओं और केंद्रीय नेतृत्व के कहने पर मैं पाकिस्तान गया था. पंजाब के सीएम मेरे पिता के समान हैं. मैं उनसे पहले ही बता चुका था कि मैं पाकिस्तान जाऊंगा. मेरे कप्तान राहुल गांधी हैं और सीएम साहब के कप्तान भी राहुल गांधी हैं.

source dd bhartinews

विकास को सनकी बताने वाले पप्पू पर टूट पड़े गुजराती मुस्लिम, देख भाग खड़े हुए कांग्रेसी युवराज !

अहमदाबाद : गुजरात चुनाव की तारीख का ऐलान होने को है, परन्तु उससे पहले ही गुजरात के मुसलमानों ने कांग्रेस को ऐसा जोरदार झटका दिया है, जिसे देख राहुल गाँधी चारों खाने चित्त हो गये है, कांग्रेसी ने बीजेपी के नाम से मुसलमानों को डराने की काफी कोशिशे की, मगर जमीन हकीकत जब सामने आई तब कांग्रेस को PM मोदी को लोकप्रियता और उनके काम करने के तरीके का अहसास हुआ !

कांग्रेस के खिलाफ गुजराती मुसलमान
दरअसल 2002 में हुए गुजरात दंगो को लेकर कांग्रेस सदा ही मुसलमानों के बीच BJP को लेकर डर का माहौल बनाने की कोशिश करती रही है, मगर गुजरती मुस्लिमों को पता है कि उन दंगो को भडकने के पीछे कहीं ना कहीं कांग्रेस का बड़ा हाथ है “मोदी जी के PM बनने के बाद गुजरात में कभी भी दंगे नही हुए” !

गुजरात की ग्राउंड रियल्टी बताती है कि गुजरात के मुस्लिमों के मन में BJP के लिए सम्मान की भावना कूट कूट कर भारी हुई हैं, और यही वजह है की पिछले विधान सभा चुनाव 2012 में BJP ने एक दर्जन से मुसलमान बहुल्य सीटो पर जीत का परचम लहराया था , खुद BJP अध्यक्ष अमित शाह कहते है कि गुजरात में हर पांच से एक मुस्लिम बीजेपी को वोट देता है, यानि 20 फीसदी मुस्लिम बीजेपी के साथ है !

जरी धर्म की राजनीति में जुटी भ्रष्टचारी कांग्रेस
इस बार भी कांग्रेस ने एक ओर तो बीजेपी को मुसलमान विरोधी पार्टी के तौर पर दिखाने की खूब कोशिश की है और दूसरी और हिन्दुओं में भी फुट डलवाने की भरपूर कोशिशें जारी है, पाटीदार , दलित और OBC वर्ग के लोगों को भड़का कर राहुल गाँधी वोट पाने की हसरत रखें है लेकिन गुजरात के मुस्लिम ने कांग्रेस को इस बार भी हार का मुंह दिखाने का मन बना लिया है !

गुजरात का मुस्लिम मतदाता 2007 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस का परंपरागत वोटर माना जाता रहा है लेकिन 2007 के बाद BJP ने कांग्रेस के इस वोट बैंक में सेंधमारी की है, 2012 के विधान सभा चुनाव में मुसलमानों का करीब 20 फीसदी वोट बीजेपी को मिला है, इसी का नतीजा रहा है कि 25 मुस्लिम बाहुल्य सीटों में सीटों पर बीजेपी और 9 सीटों पर कांग्रेस ने दर्ज की थी !

कांग्रेस की सीटों पर BJP का कब्जा
BJP अल्पसंख्यक मोर्चे के गुजरात प्रदेश अध्यक्ष सूफी महबूब अली चिस्ती ने आजतक से कहा- मुस्लिम बहुल्य वागरा , जम्बुसर, डभोई, कर्जन, पदरा, धोलका,जामनगर,भूंज, अंजारा, मांगरोल, जूनागढ़ , रोजकोट जैसी सीटें BJP जितने में सफल रही है. ये सभी सीटें BJP ने टारगेट बनाकर कांग्रेस से छिनी थी, ये वोट सीटें थी, जिन्हें BJP 5 से 7 हजार वोट से कांग्रेस से हार जाया करती थी, गुजरात में BJP के 200 से अधिक नगर पार्षद मुस्लिम है और उसमें लगभग 100 चेयरमैन मुस्लिम !

गुजरात दंगा और कर्फ्यू मुक्त
सूफी महबूब अली चिस्ती ने कहा BJP सदस्यता अभियान के दौरन गुजरात के 5 लाख मुस्लिम बीजेपी के प्राइमरी सदस्य बने हैं. उन्होंने कहा कि पिछले 15 सालों में बीजेपी के राज में गुजरात दंगा और कर्फ्यू मुक्त बना है. जबकि कांग्रेस के दौर में एक भी साल ऐसा नहीं गुजरा जब दंगा न हुआ हो. उन्होंने कहा मुसलमानों को चाहिए क्या सुरक्षा और विकास. गुजरात में दोनों मुसलमानों को मिल रहा है !

गुजरात के मुसलमानों के बेहतर हालात
सूफी महबूब अली चिस्ती ने कहा कि गुजरात के मुसलमानों की हालत देश के दूसरे मुसलमानों से बेहतर है. गुजरात के सरकारी नौकरियों में मुसलमानों की 9 फीसदी भागीदारी, गुजरात पुलिस में 10.5 फीसदी मुसलमान और गुजरात में मुसलमानों की साक्षरता दर 80 फीसदी है, जो गुजरात के हिंदुओं के बराबर है. उन्होंने कहा कि गुजराती मुस्लिमों ने कारोबार में भी काफी तरक्की की है. अल्पसंख्यकों के विकास के लिए बने 15 सूत्रीय कार्यक्रम को बेहतर तरीके से गुजरात में लागू किया गया है. इसके लिए यूपीए सरकार ने गुजरात को गुड ग्रेड दिया था. वहीं कांग्रेस शासित राज्य पिछड़ गए !

मोदी ने अल्पसंख्यक विकास वित्त निगम के जरिए की मुसलमानों की मदद
सूफी महबूब अली चिस्ती ने बताया कि गुजरात अल्पसंख्यक विकास वित्त निगम को अटल बिहारी बाजपेयी सरकार के दौरान 60 हजार करोड़ कर्ज दिया था. इसके बाद यूपीए सरकार से मदद मांगी जाती रही लेकिन उन्होंने नहीं दिया और कहा था कि पहले जो धन कर्ज लिया गया है उसका 32 करोड़ ब्याज गुजरात अदा करे. मोदी सरकार ने सत्ता में आते ही ब्याज को माफ किया और 20 हजार करोड़ रुपये एलार्ट किया है. इसके चलते 100 मुस्लिम छात्रों को MBBS,इंजीनियरिंग, मैनेजमेंट की पढ़ाई के लिए विदेश भेजा गया है !

यानी देखा जाए तो गुजराती मुसलमान इस बार भी कमल के बटन को दबाने जा रहा है. ओपिनियन पोल के मुताबिक़ बीजेपी प्रचंड बहुमत से गुजरात में सरकार बनाने जा रही है. कांग्रेस की जाति-धर्म की राजनीति एक बार फिर मोदी की विकास की राजनीति के सामने दम तोड़ती दिखाई दे रही है !

source dd bharti

विकास को सनकी बताने वाले पप्पू पर टूट पड़े गुजराती मुस्लिम, देख भाग खड़े हुए कांग्रेसी युवराज !

अहमदाबाद : गुजरात चुनाव की तारीख का ऐलान होने को है, परन्तु उससे पहले ही गुजरात के मुसलमानों ने कांग्रेस को ऐसा जोरदार झटका दिया है, जिसे देख राहुल गाँधी चारों खाने चित्त हो गये है, कांग्रेसी ने बीजेपी के नाम से मुसलमानों को डराने की काफी कोशिशे की, मगर जमीन हकीकत जब सामने आई तब कांग्रेस को PM मोदी को लोकप्रियता और उनके काम करने के तरीके का अहसास हुआ !

कांग्रेस के खिलाफ गुजराती मुसलमान
दरअसल 2002 में हुए गुजरात दंगो को लेकर कांग्रेस सदा ही मुसलमानों के बीच BJP को लेकर डर का माहौल बनाने की कोशिश करती रही है, मगर गुजरती मुस्लिमों को पता है कि उन दंगो को भडकने के पीछे कहीं ना कहीं कांग्रेस का बड़ा हाथ है “मोदी जी के PM बनने के बाद गुजरात में कभी भी दंगे नही हुए” !

गुजरात की ग्राउंड रियल्टी बताती है कि गुजरात के मुस्लिमों के मन में BJP के लिए सम्मान की भावना कूट कूट कर भारी हुई हैं, और यही वजह है की पिछले विधान सभा चुनाव 2012 में BJP ने एक दर्जन से मुसलमान बहुल्य सीटो पर जीत का परचम लहराया था , खुद BJP अध्यक्ष अमित शाह कहते है कि गुजरात में हर पांच से एक मुस्लिम बीजेपी को वोट देता है, यानि 20 फीसदी मुस्लिम बीजेपी के साथ है !

जरी धर्म की राजनीति में जुटी भ्रष्टचारी कांग्रेस
इस बार भी कांग्रेस ने एक ओर तो बीजेपी को मुसलमान विरोधी पार्टी के तौर पर दिखाने की खूब कोशिश की है और दूसरी और हिन्दुओं में भी फुट डलवाने की भरपूर कोशिशें जारी है, पाटीदार , दलित और OBC वर्ग के लोगों को भड़का कर राहुल गाँधी वोट पाने की हसरत रखें है लेकिन गुजरात के मुस्लिम ने कांग्रेस को इस बार भी हार का मुंह दिखाने का मन बना लिया है !

गुजरात का मुस्लिम मतदाता 2007 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस का परंपरागत वोटर माना जाता रहा है लेकिन 2007 के बाद BJP ने कांग्रेस के इस वोट बैंक में सेंधमारी की है, 2012 के विधान सभा चुनाव में मुसलमानों का करीब 20 फीसदी वोट बीजेपी को मिला है, इसी का नतीजा रहा है कि 25 मुस्लिम बाहुल्य सीटों में सीटों पर बीजेपी और 9 सीटों पर कांग्रेस ने दर्ज की थी !

कांग्रेस की सीटों पर BJP का कब्जा
BJP अल्पसंख्यक मोर्चे के गुजरात प्रदेश अध्यक्ष सूफी महबूब अली चिस्ती ने आजतक से कहा- मुस्लिम बहुल्य वागरा , जम्बुसर, डभोई, कर्जन, पदरा, धोलका,जामनगर,भूंज, अंजारा, मांगरोल, जूनागढ़ , रोजकोट जैसी सीटें BJP जितने में सफल रही है. ये सभी सीटें BJP ने टारगेट बनाकर कांग्रेस से छिनी थी, ये वोट सीटें थी, जिन्हें BJP 5 से 7 हजार वोट से कांग्रेस से हार जाया करती थी, गुजरात में BJP के 200 से अधिक नगर पार्षद मुस्लिम है और उसमें लगभग 100 चेयरमैन मुस्लिम !

गुजरात दंगा और कर्फ्यू मुक्त
सूफी महबूब अली चिस्ती ने कहा BJP सदस्यता अभियान के दौरन गुजरात के 5 लाख मुस्लिम बीजेपी के प्राइमरी सदस्य बने हैं. उन्होंने कहा कि पिछले 15 सालों में बीजेपी के राज में गुजरात दंगा और कर्फ्यू मुक्त बना है. जबकि कांग्रेस के दौर में एक भी साल ऐसा नहीं गुजरा जब दंगा न हुआ हो. उन्होंने कहा मुसलमानों को चाहिए क्या सुरक्षा और विकास. गुजरात में दोनों मुसलमानों को मिल रहा है !

गुजरात के मुसलमानों के बेहतर हालात
सूफी महबूब अली चिस्ती ने कहा कि गुजरात के मुसलमानों की हालत देश के दूसरे मुसलमानों से बेहतर है. गुजरात के सरकारी नौकरियों में मुसलमानों की 9 फीसदी भागीदारी, गुजरात पुलिस में 10.5 फीसदी मुसलमान और गुजरात में मुसलमानों की साक्षरता दर 80 फीसदी है, जो गुजरात के हिंदुओं के बराबर है. उन्होंने कहा कि गुजराती मुस्लिमों ने कारोबार में भी काफी तरक्की की है. अल्पसंख्यकों के विकास के लिए बने 15 सूत्रीय कार्यक्रम को बेहतर तरीके से गुजरात में लागू किया गया है. इसके लिए यूपीए सरकार ने गुजरात को गुड ग्रेड दिया था. वहीं कांग्रेस शासित राज्य पिछड़ गए !

मोदी ने अल्पसंख्यक विकास वित्त निगम के जरिए की मुसलमानों की मदद
सूफी महबूब अली चिस्ती ने बताया कि गुजरात अल्पसंख्यक विकास वित्त निगम को अटल बिहारी बाजपेयी सरकार के दौरान 60 हजार करोड़ कर्ज दिया था. इसके बाद यूपीए सरकार से मदद मांगी जाती रही लेकिन उन्होंने नहीं दिया और कहा था कि पहले जो धन कर्ज लिया गया है उसका 32 करोड़ ब्याज गुजरात अदा करे. मोदी सरकार ने सत्ता में आते ही ब्याज को माफ किया और 20 हजार करोड़ रुपये एलार्ट किया है. इसके चलते 100 मुस्लिम छात्रों को MBBS,इंजीनियरिंग, मैनेजमेंट की पढ़ाई के लिए विदेश भेजा गया है !

यानी देखा जाए तो गुजराती मुसलमान इस बार भी कमल के बटन को दबाने जा रहा है. ओपिनियन पोल के मुताबिक़ बीजेपी प्रचंड बहुमत से गुजरात में सरकार बनाने जा रही है. कांग्रेस की जाति-धर्म की राजनीति एक बार फिर मोदी की विकास की राजनीति के सामने दम तोड़ती दिखाई दे रही है !

source dd bharti

कर्नाटक चुनाव से ठीक ऐन पहले इस पर्व मंत्री ने PM मोदी के बारे में दिया ये बड़ा बयान जिसे सुन कांग्रेस हैरान

देश के मौजूदा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में जनता के मिले-जुले स्वर सुनाई पड़ते हैं. किसी के लिए पीएम मोदी देश के आदर्श प्रधानमंत्री हैं तो किसी के अनुसार देश हित में अनगिनत काम करके भी पीएम मोदी देश के लिए अच्छे प्रधानमंत्री नहीं हैं.

People’s voices are heard about the current Prime Minister Narendra Modi. For someone, PM Modi is the ideal Prime Minister of the country, according to somebody, even by doing countless work in the country’s interest, PM Modi is not a good Prime Minister for the country.

ऐसे में जनता के इसी मिले-जुले स्वर के बीच हाल ही में कर्णाटक के एक मंत्री ने पीएम मोदी के बारे में कुछ ऐसा बोला है जिसे सुनकर बहुतों के होश उड़ने तय हैं. यहाँ कर्नाटक के इस मंत्री का पीएम मोदी पर दिया गया ये बयान इसलिए भी बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि देश में अब जल्द ही कर्नाटक चुनाव होने वाले हैं. (कर्नाटक चुनाव 12-13 मई)

In such a way, between a mixed tone of the public, a minister of Karnataka recently said something about PM Modi that many people are determined to hear their senses. Here the statement given by the Karnataka minister to PM Modi is also being considered as very important as the country is going to be in Karnataka soon. (Karnataka elections May 12-13)

“हम पीएम मोदी को अच्छे से पहचान चुके हैं, इसलिए बीजेपी की कर्नाटक चुनाव में जीत तो…”

दरअसल ख़बरों के अनुसार येदुरप्पा इस बार कर्नाटक में बीजेपी का कोई मुख्यमंत्री चाहते हैं. ऐसे में हाल ही में पूर्व मंत्री जी जनार्दन रेड्डी ने पीएम मोदी के बारे में कहा है कि, “मेरे खून में बीजेपी है.

“We have recognized PM Modi very well, so BJP won the Karnataka elections …”

In fact, according to the news, Yeddyurappa wants a BJP chief minister in Karnataka this time. In the past, former minister G Janardhana Reddy has said about PM Modi, “There is BJP in my blood.

कर्नाटक के लोग और हम बीजेपी और पीएम मोदी के साथ हैं. लोग अबतक अच्छी तरह से जान और मान चुके हैं कि पीएम मोदी एक अच्छे नेता हैं और भगवान ने उन्हें अच्छे कामों के लिए ही भेजा है. इसका मतलब साफ़ है कि बीजेपी की कर्नाटक चुनाव में जीत तो तय है वो भी पूर्ण बहुमत से. “

People from Karnataka and we are with BJP and PM Modi. People have so well known and admired that PM Modi is a good leader and God has sent them for good deeds only. It means that it is clear that the BJP’s victory in the Karnataka elections is certain that even with the absolute majority ”

सिर्फ इतना ही नहीं पीएम मोदी की तारीफ़ में कसीदे पढ़ने के बाद जनार्दन रेड्डी ने ये भी कहा है कि पीएम मोदी की बढती लोकप्रियता को देखकर ये कहना गलत नहीं होगा कि कर्नाटक में इस बार बीजेपी की पूर्ण बहुमत से सरकार बनने से कोई नहीं रोक सकता.

Not only that, Janardhana Reddy has also said after reading alarms in the praise of PM Modi that it will not be wrong to see the growing popularity of PM Modi that no one in Karnataka can stop this from forming a government with the absolute majority of BJP this time. .

आगे बोलते ही जनार्दन रेड्डी ने बताया कि, “जहाँ सिद्धारमैया सरकार से लोगों को काफी हताशा मिली है वहीँ बीजेपी की पिछली सरकार में बहुत विकास हुआ. ऐसे में इतना तो तय है कि इस बार कर्नाटक में बीजेपी की ही सरकार बनेगी और वो भी पूर्ण बहुमत से.

Not only that, Janardhana Reddy has also said after reading alarms in the praise of PM Modi that it will not be wrong to see the growing popularity of PM Modi that no one in Karnataka can stop this from forming a government with the absolute majority of BJP this time. .

यह भी देखे
https://youtu.be/WE3MmmBzG4k

https://youtu.be/o9LQnPMci4I

source namopress.in

PNB के बाद एक अब इस नए बड़े बैंक में मोदी सरकार की सतर्कता उडाये माँ बेटे के होश

नई दिल्ली :PNB घोटाले में मचा देश में मचा बवाल अभी शांत भी हुआ था हर रोज ताबतोड छापेमारी और सम्पत्ति जब्त को CBI ने कुर्क कर लिया है इस बीच अब अब PNB के बाद एक और बैंक का घोटाले सामने आया है इसके साथ -साथ चौंकाने सोची समझी साजिश सामने आई है जिसमे इन बांको पर भी अब शक की सुई आ अटकी

New Delhi: In the PNB scam, there was a lot of pressure in the country. Now every day, the seizure of seizure and property seizure has been sealed by the CBI. Meanwhile, now another bank scam has emerged after the PNB, along with the startling scandal A thoughtful conspiracy has surfaced, in which these needles of suspicion are still stuck

PNB के बाद एक और बड़ा बैंक घोटाला, खेला जा रहा बड़ा खेल

PNB बैंक के 11400 करोड़ के घोटाले में कोई छोटे कर्मचारियों ने खेल नहीं खेला है बल्कि अब तक पूर्व GM पूर्व DM पूर्व AGM समेत 18 बड़े अधिकारीयों को गिरफ्तार किया गया है. यही नहीं मौजूद बैंक के जनरल मैनेजर और बड़े अधिकारीयों से भी सीबीआई पूछताछ कर रही है. अगर एक बैंक का मैनेजर ही घोटाले करने लगेगा तो फिर सोचिये जो 9 लाख करोड़ के कर्ज हैं वो भी बैंकों ने ऐसे ही लुटाये हैं.

Another big bank scam after PNB, big game being played

Some small employees have not played the game in PNB Bank’s 114 million crore scandal, but so far 18 major officers including former GM former DM pre-AGM have been arrested. Not only this, the CBI is also interrogating the General Manager and senior officials of the existing bank. If a bank manager starts scam, then think again which banks have looted 9 lakh crores.

ये बात आज साबित होती हैं क्यूंकि PNB महाघोटाले के बाद अब दिल्ली स्थित OBC ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स में करीब 389 करोड़ 90 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है. मामले में दिल्ली के हीरा निर्यातक कंपनी के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. लेकिन इस घोटाले में बहुत बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है जिससे आप 9 लाख करोड़ के क़र्ज़ (NPA) को अच्छे से समझ जाएंगे.

This is proved today because after the PNB accusations, a case of fraud worth Rs 389 crore 90 lakh has come to the OBC Oriental Bank of Commerce in Delhi. In the case, the case has been registered against the diamond exporter company of Delhi. But there has been a huge fraud in this scam which will make you understand the NPA worth 9 lakh crores.

बैंक ने दर से फर्जीवाड़े की जानकारी दी

हरियाणा स्थित गुरुग्राम के सेक्टर-32 स्थित ओबीसी बैंक के ब्रांच से यह फर्जीवाडा हुआ है. बैंक के एजीएम स्तर के अधिकारी ने इस मामले की जानकारी सीबीआई को लिखित तौर पर दी और सीबीआई ने मामला दर्ज करके तफ्तीश शुरू कर दी है. इतने सालों से शांत बैंक ने इसकी जानकारी अब जाकर सीबीआई को दी है.

Bank gave information on fraud

This is a forgery from the OBC Bank branch of Sector-32 located in Gurugrama, Haryana. The AGM level officer of the bank gave the information to the CBI in writing and the CBI has started the investigation by filing the case. For so many years, the bank has given its information now to the CBI.

कर्ज में डूबी कंपनी को और क़र्ज़ चढ़ाते रहे
लेकिन इससे भी बड़ी चौंकने वाली बात जो सामने आयी है वो ये कि इस बैंक की शाखा ने 31 मार्च 2014 मोदी सरकार के आते ही कंपनी के क़र्ज़ को NPA की लिस्ट में भी डाल दिया था. लेकिन उसके बाद भी यह खेल जारी रहा. NPA की लिस्ट में शामिल होने के बावजूद कंपनी को करोडों का लोन मिलता रहा.

Lending the debt to the company immersed in debt
But the more shocking thing that has come out is that the bank’s branch had put the company’s debt on the list of NPAs as soon as the March 31, 2014 Modi government came. But this game continued even after that. Despite joining the NPA list, the company got a loan of crores of rupees.

बड़ी सोची समझी साज़िश का खुलासा
आपको याद होगा एक वक़्त हुआ करता था जब बैंक किसी के भी क़र्ज़ को इतनी आसानी से नहीं छोड़ता था. धमकी दी जाती थी, घर से सामान उठा लिया जाता था लेकिन अचानक से सारे व्यापारियों के क़र्ज़ को बैंकों ने भूलना शुरू कर दिया और सारे करोड़ों की क़र्ज़ को BAD LOAN यानि NPA मतलब ऐसा क़र्ज़ जिसे वसूला नहीं जा सकता उस श्रेणी में डाल दिया.

Explanation of a very intriguing conspiracy
Remember you used to be a time when the bank did not leave anyone’s debt so easily. Threats were taken, goods were taken from the house, but suddenly the banks started forgetting the debt of all the traders, and the debt of millions of crores was called BAD LOAN i.e. NPA, which means that the loan can not be recovered.

जिसके बाद बैंक को डूबता हुआ दिखा कर सरकार से पैसे वसूले जा सके. जिसके बाद मोदी सरकार ने आते ही बैंकों के खस्ता हालत देखते हुए , बैंकों को दुबारा जीवित करते हुए 2.5 लाख करोड़ की राशि दी और यही तो बैंक के मैनेजर अधिकारीयों और छुपे हुए खिलाडियों की योजना थी.

After that the money can be levied by the government by showing the bank drowning. After the Modi government came to see it, seeing the poor condition of the banks, the banks gave the amount of Rs 2.5 lakh crore again, and this was the plan for the bank’s manager officers and the hidden players.

2007 कांग्रेस सरकार के वक़्त से होता आ रहा है घोटाला
इस फर्जीवाड़े की गंभीरता को देखते हुए CBI ने दिल्ली के ज्वेलर समेत कई लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है. गुरूग्राम स्थित ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स बैंक के अधिकारियों की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है. मामले में बैंकों से साल 2007 कांग्रेस सरकार शासन से लगातार फर्जीवाड़ा करके लोन लेने का आरोप है. बैंक को पैसे नहीं चुकाने के बावजूद मामले में लापरवाही दिखाई गई. इसका मतलब साकार तो पैसा दे ही देगी, एक हाथ पैसा लो दूसरे हाथ से क़र्ज़ देकर उड़ा दो और बीच में मालामाल हो जाएंगे बैंक अधिकारी. तभी तो PNB के आरोपी शेट्टी ने 4 करोड़ का बंगला खरीदा रिटायर होते ही.

2007 Congress is coming out of the government’s scandal
Given the seriousness of the fraud, the CBI has registered a case against several people including Delhi’s jeweler. A case has been registered against the officials of the Gurgaum-Oriental Bank of Commerce Bank. In the case of the bank, the 2007 Congress government has been accused of taking loans by fraudulently forgery. In spite of not paying the money to the bank, negligence was shown in the case. The meaning of this will give money only, take one hand and take it with the other hand and give it to the bank officer. Only then PNB accused Shetty bought a 4 crore bungalow for retirees, as soon as he retired.

केस दर्ज सीबीआई आयी एक्शन में
सीबीआई के अधिकारियों के मुताबिक दिल्ली की मेसर्स द्वारिका दास सेठ इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड और द्वारका दास सेठ सेज इनकॉरपोरेशन नाम की कंपनी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. ये कंपनी दिल्ली के करोलबाग में स्थित है. मामले में CBI ने जिनके खिलाफ केस दर्ज किया है, उसमें कंपनी के मालिक सभ्य सेठ और रिता सेठ के अलावा कृष्ण कुमार सिंह, रवि कुमार सिंह समेत कई सरकारी अधिकारी शामिल हैं.

Case registered in CBI action
According to CBI officials, a case has been registered against the company of Delhi’s M / s Dwarka Das Seth International Pvt Ltd and Dwarka Das Seth Sage Incorporation. This company is located in Delhi’s Karol Bagh. In the case of whom the CBI has registered the case, in addition to the company’s owners, including civil servants Sride Seth and Rita Seth, several government officials including Krishna Kumar Singh, Ravi Kumar Singh are included.

बता दें सभ्य सेठ और रिता सेठ दिल्ली के पंजाबी बाग में रहते हैं, जबकि कृष्ण कुमार सिंह सराय काले खां इलाके में रहते हैं. CBI जल्द ही इन सभी आरोपियों के खिलाफ मामले में जांच करेगी. CBI इनको पूछताछ के लिए अपने दफ्तर में बुलाने वाली है. सूत्रों की मानें तो तीन दिन के अंदर ही इन आरोपियों के खिलाफ सीबीआई बड़ी कार्रवाई करने वाली है.

Tell Saree Seth and Rita Seth live in Punjabi Bagh of Delhi, while Krishna Kumar Sarai lives in Sarai Kale Khan area. CBI will soon investigate the case against all these accused The CBI is going to call him in the office for questioning. According to sources, the CBI is going to take big action against these accused within three days.

यह भी देखे

https://youtu.be/WE3MmmBzG4k

https://youtu.be/o9LQnPMci4I

source polotical report

पहले के कांग्रेस की इंदिरा गाँधी और अब के मोदीजी की इन फोटो के बीच का फर्क देखकर हैरान रह जायेंगे आप !

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी कार्यशैली को लेकर हमेशा से ही चर्चा में रहते हैं. मोदी जी किसी भी कार्य को पूरी शिद्दत के साथ पूरा करते हैं वहीं अपनी विपक्षी पार्टी के नेताओं का भी पूरा ध्यान रखते हैं. पीएम मोदी विपक्षी पार्टियों के साथ भी एक दोस्ताना संबंध बना के चलते हैं. उन्हें पता है कि सबको साथ लेकर ही देश का विकास संभव है. पीएम मोदी ने कई बार सदन में कहा भी है कि मुझे देश के सेवा करने के लिए आप सभी लोगों का सहयोग चाहिए. वहीँ अगर बात देश की पहली महिला पीएम इंदिरा गाँधी की करें तो उनकी कुछ तस्वीरें देखकर आप हैरान रह जाएंगे.

Prime Minister Narendra Modi always talks about his style of functioning. Modi ji completes any work with complete confidence and at the same time he takes full care of the leader of his opposition party. PM Modi also makes a friendly relationship with opposition parties. They know that the development of the country is possible only by taking everyone along. PM Modi has said in the House many times that I want all the people’s support to serve the country. If you talk about the country’s first woman PM Indira Gandhi, then you will be surprised to see some of her photographs.

दरअसल, सोशल मीडिया पर कुछ तस्वीरें वायरल हो रही हैं. इन तस्वीरों में जहाँ एक तरफ प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी अपने मंत्रियों के साथ मीटिंग कर रही हैं. इस मीटिंग में आप देख सकते हैं कि इंदिरा गाँधी कुर्सी पर बैठी हुई हैं और उनके सभी मंत्री उनके सामने खड़े हैं. इन मंत्रियों में से कोई भी इंदिरा गाँधी के सामने कुर्सी पर नहीं बैठा है. वहीँ अगर बात पीएम मोदी की करें तो उनकी तस्वीर देखकर आप भी उन पर गर्व करेंगे.

Indeed, some pictures on social media are becoming viral. In these photographs, on one hand Prime Minister Indira Gandhi is meeting with her ministers. In this meeting you can see that Indira Gandhi is sitting on the chair and all her ministers are standing in front of her. None of these ministers have been sitting in front of Indira Gandhi. If you talk to PM Modi, you will also be proud of seeing his picture.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की जो तस्वीर वायरल हो रही है उसमें वह विपक्ष के नेताओं के साथ किसी मुद्दे पर चर्चा करते हुए दिखाई दे रहे हैं, जिसमें राहुल गाँधी के साथ गुलाम नबी आजाद, मल्लिकार्जुन खड़गे, राज बब्बर, पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और ज्योतिरादित्य सिंधिया आदि दिखाई दे रहे हैं और यह सभी नेता कुर्सी पर ही बैठे हैं. कई मौंको पर देखा भी गया है कि पीएम मोदी राहुल गाँधी के साथ एक मित्र की तरह से बात करते हुए नजर आए.प्रधानमंत्री मोदी विरोधियों के साथ भी अपने नम्र व्यवहार के लिए जाने जाते है. कई मौकों पर उन्होंने अपने इस स्वभाव का परिचय दिया है और लोगों का दिल जीता है

In the picture of Prime Minister Narendra Modi, who is getting viral, he is seen discussing an issue with the leaders of the opposition, including Rahul Gandhi, Ghulam Nabi Azad, Mallikarjun Kharge, Raj Babbar, Punjab Chief Minister Amarinder Singh and Jyotiraditya Scindia is appearing etc. And all the leaders have been sitting in the chair. It has also been observed on several occasions that PM Modi is seen talking to Rahul Gandhi in a way of talking to a friend like him. The Prime Minister Modi is also known for his humble behavior with the opponents. On many occasions they have introduced this nature and won the hearts of the people

इन दोनों तस्वीरों को देखकर आप खुद समझ सकते हैं कि इन दोनों प्रधानमंत्रियों के छवि किस तरह की है. जहाँ इंदिरा गाँधी ने देश लोकतंत्र में एक काला अध्याय ( आपातकाल ) लिखा वहीँ वर्तमान में पीएम मोदी के शासन में देश की छवि विश्व स्तर पर बेहतर होती जा रही है. अब भारत का लोहा विश्व की बड़ी शक्तियां भी मानने लगी हैं. वहीँ इंदिरा गाँधी के शासनकाल को लोग तानाशाही के रूप में देखते थे. इंदिरा गाँधी ने अपने शासनकाल में आपातकाल की घोषणा करके इस बात का सबूत भी दे दिया था

By looking at these two pictures, you can understand yourself how the image of these two Prime Ministers is. While Indira Gandhi wrote a dark chapter (emergency) in the country’s democracy, at present, the image of the country is getting better at the world globally under PM Modi’s rule. Now India’s iron has begun to accept the biggest powers of the world. In the same way, the people of Indira Gandhi’s reign were seen as dictatorships. Indira Gandhi gave evidence of this fact by declaring an Emergency during her reign

यह भी देखे

https://youtu.be/WE3MmmBzG4k

https://youtu.be/o9LQnPMci4I

source polotical report

कांग्रेस की राहुल पर PM मोदी पर खुली चुनौती जनता ने दिखाई औकात कहा कि …

कांग्रेस देश की सबसे पुरानी पार्टी होने के साथ साथ भारत की गद्दी पर आज़ादी के बाद से ६० सालो तक राज किया है! अगर कांग्रेस ईमानदारी से शाशन चलती तो सोने का चिड़िया कहे जाने वाला देश आज गरीबी और बेरोजगारी का मार नहीं झेल रहा होता! लेकिन अब इन लोगों का असली चेहरा सबके सामने आगया है। इनकी असलियत से अब सब वाकिफ हो चुके हैं। कांग्रेस लगभग हर हर राज्य से समाप्त होने की कगार पर है। असल में कांग्रेस ने कभी देश की विकासनीती पर काम ही नही किया। हर कोई अपना रुतबा दिखाने में मशगूल रहा!

Congress, along with being the oldest party in the country, has ruled India for 60 years since Independence! If the Congress was honestly shashan, then the country which is called a goldfinch would not have been killed by poverty and unemployment! But now the real face of these people has come in front of everyone. Now they are all aware of their reality. The Congress is on the verge of ending from almost every state. In fact, Congress has never worked on the development of the country. Everyone has been able to show their status!

अभी हाल ही में राहुल ने प्रधानमंत्री मोदी को चुनौती देते हुए कहा, ‘चाहे वह नीरव मोदी, ललित मोदी और राफेल सौदे का मामला हो। पीएम मोदी संसद में खड़े होने से घबड़ाते हैं। राफेल सौदे पर मोदी जी के सामने मुझे 15 मिनट बोलने दिया जाए तो वह मेरे सामने खड़े नहीं हो पाएंगे।’ इसी को लेकर राहुल गाँधी का खूब मज़ाक उड़ा था। मीडिया हो या सोशल मीडिया सब जगह यूजर ने ट्रोल किया था…

Recently, Rahul challenged Prime Minister Modi, saying, “Whether it is a case of neer-Modi, Lalit Modi and Rafael Deal. PM Modi is afraid to stand in Parliament. If I allow 15 minutes to speak to Modiji on the Rafael deal, he will not be able to stand in front of me. “Rahul Gandhi was ridiculed for this. Media or social media was trolled by the user everywhere

अपने मिनट वाले बयान की आलोचनाओ के बाद कांग्रेस ने इस मामले में ऑनलाइन सर्वे कर जनता की राय मांगनी चाही और कहा की – क्या आपको लगता है कि प्रधान मंत्री मोदी 15 मिनट की बहस के लिए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की चुनौती को स्वीकार करने की हिम्मत दिखाएंगे? कांग्रेस द्वारा कराये गए इस पोल में अबतक कुल 25000 से ज्यादा लोगो ने हिस्सा लिया!

After criticizing his minute statement, the Congress should demand public opinion by doing online survey in this matter and said – do you think Prime Minister Modi dares to accept the challenge of Congress President Rahul Gandhi for a 15-minute debate? Show? More than 25000 people participated in this poll conducted by Congress.

लेकिन कांग्रेस को लगा था की मोदी जी की लोकप्रियता काम हो रही है और इस तरह से करके मोदी पर निशाना साधा जायेगा! लेकिन जो नतीजे आये उससे साफ़ जाहिर है की मोदी जी भारतीयों के दिलो पर राज करते है! ये पोल का परिणाम कांग्रेस के मुंह पर करारा तमाचा है

But the Congress had thought that the popularity of Modi ji is being done and in such a way, Modi would be targeted. But the results that came out clearly show that Modi ji reigns on the hearts of Indians! The result of this poll is the conclusion of the Congress.

यह भी देखे

https://youtu.be/WE3MmmBzG4k

https://youtu.be/o9LQnPMci4I

source polotical report